रायपुर, 24 अक्टूबर 2025।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक पहल की है। राज्य शासन के वित्त विभाग ने आज 5000 शिक्षकों के पदों पर भर्ती के लिए सहमति प्रदान की है। यह निर्णय मुख्यमंत्री की उस घोषणा के अनुरूप है, जिसमें उन्होंने राज्य की शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करने का संकल्प व्यक्त किया था।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि शिक्षा किसी भी राज्य की प्रगति की नींव होती है। सरकार का उद्देश्य है कि हर बच्चे तक ज्ञान और अवसर दोनों पहुंचे। उन्होंने कहा कि यह भर्ती न केवल शिक्षण व्यवस्था को गति देगी, बल्कि प्रदेश के युवाओं के लिए रोजगार के हजारों अवसर भी सृजित करेगी। उन्होंने इस कदम को “नए छत्तीसगढ़ के निर्माण की दिशा में ऐतिहासिक निर्णय” बताया।
शिक्षा विभाग शीघ्र ही भर्ती प्रक्रिया प्रारंभ करेगा। इन पदों की पूर्ति से विशेष रूप से ग्रामीण और आदिवासी अंचलों में शिक्षकों की कमी दूर होगी, जिससे शिक्षण की निरंतरता और गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार आएगा।
मुख्यमंत्री श्री साय के नेतृत्व में पिछले कुछ महीनों में शिक्षा सुधार के कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं — विद्यालय भवनों का निर्माण, डिजिटल सामग्री का प्रसार, शिक्षकों का प्रशिक्षण और बच्चों के समग्र विकास हेतु नवाचार कार्यक्रमों की शुरुआत।
प्रदेश में शिक्षकों की कमी लंबे समय से एक बड़ी चुनौती रही है। विषयवार शिक्षकों की अनुपलब्धता के कारण कई विद्यालय प्रभावित हो रहे थे। नई भर्ती से अब बच्चे अपने ही क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त कर सकेंगे। इससे प्रदेश की शिक्षा प्रणाली राष्ट्रीय औसत के स्तर तक पहुँचने में मदद मिलेगी।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सरकार शिक्षा को सर्वांगीण विकास का आधार मानती है। स्कूल इन्फ्रास्ट्रक्चर के आधुनिकीकरण से लेकर छात्रवृत्ति और मध्याह्न भोजन जैसी योजनाओं तक, सरकार का फोकस हर स्तर पर शिक्षा की गुणवत्ता को बढ़ाना है। उन्होंने कहा, “5000 शिक्षकों की भर्ती हमारे उस विज़न का हिस्सा है, जो शिक्षित, सक्षम और आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़ के निर्माण की दिशा में अग्रसर है।”
वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने कहा —“मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जी की मंशा के अनुरूप शिक्षा को राज्य की शीर्ष प्राथमिकता बनाया गया है। वित्त विभाग द्वारा 5000 शिक्षकों के पदों की भर्ती की सहमति देना इसी संकल्प का हिस्सा है। शिक्षा में किया गया प्रत्येक निवेश प्रदेश के भविष्य में किया गया निवेश है। यह निर्णय स्कूलों में शिक्षकों की कमी पूरी करेगा, ग्रामीण और आदिवासी अंचलों में पढ़ाई की गुणवत्ता बढ़ाएगा और युवाओं को रोजगार के अवसर देगा। वित्तीय अनुशासन बनाए रखते हुए शिक्षा जैसे मूलभूत क्षेत्र को संसाधन उपलब्ध कराना हमारी सरकार की जिम्मेदारी और प्रतिबद्धता दोनों है।”
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा —“शिक्षा राज्य के विकास की सबसे सशक्त आधारशिला है। हमारी सरकार का संकल्प है कि छत्तीसगढ़ के हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिले और हर विद्यालय में योग्य शिक्षक उपलब्ध हों। वित्त विभाग द्वारा 5000 शिक्षकों के पदों पर भर्ती की सहमति उसी दिशा में एक बड़ा कदम है। यह निर्णय शिक्षा के क्षेत्र को सशक्त करने के साथ-साथ युवाओं के लिए नए अवसरों का द्वार खोलेगा।”
यह पहल मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में ‘शिक्षित, सक्षम और आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़’ के निर्माण की दिशा में एक निर्णायक कदम साबित होगी।



