सूरजपुर। जिले की सूरजपुर पुलिस ने अमानत में खयानत और धोखाधड़ी के एक बड़े मामले को सुलझाते हुए अंतर्राज्यीय गिरोह के तीन शातिर सदस्यों को दबोचने में सफलता प्राप्त की है। इस पूरी कार्रवाई की सबसे बड़ी उपलब्धि आरोपियों के कब्जे से सरिया बेचकर जुटाए गए पैसों से खरीदे गए ट्रक सहित कुल तीन ट्रक बरामद करना है, जिनकी कुल कीमत लगभग एक करोड़ पचास लाख रुपये आंकी गई है। पुलिस ने यह कामयाबी पांच राज्यों के विभिन्न टोल प्लाजा और प्रमुख स्थानों के सीसीटीवी फुटेज खंगालने तथा तकनीकी साक्ष्यों की कड़ी से कड़ी जोड़ने के बाद हासिल की है।
घटनाक्रम की शुरुआत 14 जनवरी 2026 को हुई जब ग्राम नयनपुर स्थित यू.बी. वेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड से चालक राहुल सिंह यादव ने 30 टन से अधिक सरिया ट्रक में लोड किया था। उत्तर प्रदेश के भदौरी के लिए निकला यह ट्रक अपनी मंजिल तक कभी नहीं पहुंचा और चालक ने बेईमानी पूर्वक करीब 15 लाख 23 हजार रुपये का सरिया गायब कर दिया। प्रार्थी अमित पाण्डेय की रिपोर्ट पर थाना सूरजपुर में अपराध पंजीबद्ध होने के बाद डीआईजी एवं एसएसपी प्रशांत कुमार ठाकुर ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी के निर्देश दिए।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक योगेश देवांगन और एसडीओपी अभिषेक पैंकरा के मार्गदर्शन में पुलिस टीम ने जब जांच शुरू की तो सबसे पहले उत्तर प्रदेश के चित्रकूट से वह ट्रक लावारिस हालत में बरामद हुआ जिससे सरिया गायब किया गया था। जांच आगे बढ़ी तो पता चला कि आरोपी चालक ने नौकरी पाने के लिए जो आधार कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस दिया था, वे पूरी तरह फर्जी थे। पुलिस ने हार नहीं मानी और छत्तीसगढ़ समेत उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड और मध्य प्रदेश के टोल प्लाजा पर नजर रखनी शुरू की।
तकनीकी इनपुट के आधार पर पुलिस ने मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में दबिश देकर मुख्य आरोपी मनीष यादव उर्फ राहुल सिंह को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ के दौरान आरोपी मनीष यादव ने अपना जुर्म स्वीकार करते हुए बताया कि उसने अपने साथी सूरज सोनी के साथ मिलकर चोरी का सरिया सतना निवासी मनीष सिंह परिहार को 12 लाख रुपये में बेचा था। इस अवैध कमाई से उसने खुद के लिए एक सेकंड हैंड ट्रक और मोबाइल खरीदा, वहीं उसके साथी सूरज सोनी ने अपने पुराने ट्रक की बैंक किस्तें चुकाईं। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए सह-आरोपी सूरज सोनी और चोरी का माल खरीदने वाले मनीष सिंह परिहार को भी गिरफ्तार कर लिया है। इनके कब्जे से गबन की राशि से खरीदा गया ट्रक, घटना में प्रयुक्त अन्य वाहन और फर्जी दस्तावेज बरामद कर लिए गए हैं। थाना प्रभारी विमलेश दुबे के नेतृत्व में पुलिस टीम ने आरोपियों को बीएनएस की विभिन्न संगीन धाराओं के तहत गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया है।

