‘अंतरिक्ष संगवारी’ पहल; 14 अक्टूबर को 192 केंद्रों पर होगी जिला प्रतिभा खोज परीक्षा, चयनित विद्यार्थियों को इसरो केंद्र के शैक्षणिक भ्रमण का भी मिलेगा अवसर
जशपुर
किताबों में ग्रहों, तारों और अंतरिक्ष की दुनिया पढ़ने वाले जशपुर जिले के हजारों विद्यार्थियों को अब वैज्ञानिक बनने की दिशा में आगे बढ़ने का अवसर मिलने जा रहा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की प्रेरणा से जिले में शुरू की गई ‘अंतरिक्ष संगवारी’ पहल के तहत 14 अक्टूबर 2026 को जिला स्तरीय प्रतिभा खोज परीक्षा आयोजित की जाएगी। इसमें कक्षा आठवीं से दसवीं तक के 10 हजार से अधिक विद्यार्थी शामिल होंगे। यह पहल विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करने और उन्हें अंतरिक्ष अनुसंधान की दुनिया से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
कलेक्टर रोहित व्यास और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक कुमार के मार्गदर्शन में संचालित इस कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल किताबी ज्ञान तक सीमित न रखते हुए विज्ञान, तकनीक और नवाचार के व्यावहारिक अनुभवों से परिचित कराना है। इसके अंतर्गत प्रतिभा खोज परीक्षा, मिनी प्रोजेक्ट, साक्षात्कार और विशेष प्रशिक्षण शिविर जैसी गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।
192 परीक्षा केंद्रों पर होगा प्रतिभा का आकलन
कार्यक्रम के पहले चरण में जिले के 192 परीक्षा केंद्रों पर लिखित परीक्षा आयोजित होगी। इसमें अंतरिक्ष विज्ञान, एनसीईआरटी के भौतिकी पाठ्यक्रम, अभिक्षमता तथा भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम से संबंधित विषयों को शामिल किया जाएगा। परीक्षा में विद्यार्थियों के प्रदर्शन के आधार पर 200 विद्यार्थियों का चयन मिनी प्रोजेक्ट के लिए किया जाएगा। इसके बाद चयन प्रक्रिया के माध्यम से 100 विद्यार्थियों को विशेष अंतरिक्ष विज्ञान प्रशिक्षण का अवसर मिलेगा।
**रायपुर में छह दिन का प्रशिक्षण, बेंगलुरु तक पहुंचेगी प्रतिभा
‘अंतरिक्ष संगवारी’ कार्यक्रम के अंतर्गत चयनित 100 विद्यार्थियों के लिए रायपुर स्थित अंतरिक्ष केंद्र में छह दिवसीय प्रशिक्षण शिविर आयोजित करने की योजना है। वहीं, चयनित 50 विद्यार्थियों को बेंगलुरु स्थित भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) केंद्र के शैक्षणिक भ्रमण पर ले जाया जाएगा। इस भ्रमण में अंतरिक्ष यात्री के साथ संवाद सत्र भी प्रस्तावित है, जिससे विद्यार्थियों को अंतरिक्ष विज्ञान और अनुसंधान से जुड़े अनुभवों को करीब से समझने का अवसर मिल सकेगा।
विज्ञान की पढ़ाई को मिलेगा व्यावहारिक आधार
जिला शिक्षा अधिकारी नरेंद्र सिन्हा के निर्देश पर परीक्षा के सफल आयोजन के लिए आवश्यक तैयारियां की जा रही हैं। इग्नाइटिंग ड्रीम्स ऑफ यंग माइंड फाउंडेशन के सहयोग से संचालित यह पहल विद्यार्थियों की वैज्ञानिक जिज्ञासा को प्रोत्साहित करने के साथ उनकी प्रतिभा को पहचानने का मंच भी प्रदान करेगी।
जशपुर के विद्यार्थियों के लिए यह कार्यक्रम विज्ञान की कक्षा से निकलकर वास्तविक अनुसंधान की दुनिया को समझने का अवसर बन सकता है। प्रतिभा खोज परीक्षा से शुरू होने वाला यह सफर विद्यार्थियों को भविष्य में वैज्ञानिक, तकनीकी विशेषज्ञ और अंतरिक्ष अनुसंधान के क्षेत्र में करियर बनाने के लिए प्रेरित करने की दिशा में एक नई पहल है।

