जल जीवन मिशन में रायगढ़ जिले में स्वीकृत 1348 कार्यों में से 677 कार्य अब भी अधूरे , लैलूंगा और धर्मजयगढ़ में लटके सबसे ज्यादा प्रोजेक्ट

अंबिकापुर:

सरगुजा संभाग मुख्यालय अंबिकापुर के कन्या परिसर रोड बिशुनपुर स्थित शासकीय बाल संप्रेक्षण गृह में सुरक्षा व्यवस्था एक बार फिर पूरी तरह खोखली साबित हुई है। मंगलवार की देर शाम यहाँ निरुद्ध किए गए बालकों में से १४ अपचारी बालकों ने सुनियोजित तरीके से पुराने सुरक्षा दरवाजे को क्षतिग्रस्त कर दिया और बाहर निकलकर भागने की कोशिश की। हालांकि, मौके पर मुस्तैद स्टाफ ने सक्रियता दिखाते हुए भाग रहे बच्चों में से एक अपचारी बालक को तुरंत दबोच लिया, लेकिन शेष १३ अपचारी बालक अहाता (बाउंड्रीवॉल) फांदकर रफूचक्कर होने में सफल रहे। फरार हुए सभी बच्चे गंभीर और अलग-अलग संगीन अपराधों के मामलों में यहाँ निरुद्ध किए गए थे। घटना के बाद पूरे प्रशासनिक और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।

हैरान करने वाली बात यह है कि पिछले महज एक महीने के भीतर इस बाल संप्रेक्षण गृह से बच्चों के सामूहिक रूप से भागने की यह दूसरी बड़ी वारदात है। इससे पहले बीते २३ जून को भी यहाँ भारी बारिश का फायदा उठाकर १३ अपचारी बालक लोहे की खिड़की तोड़कर फरार हो गए थे, जिनमें से दो बालकों का पुलिस अब तक कोई सुराग नहीं लगा पाई है। यही नहीं, इसी साल फरवरी माह में भी यहाँ से बच्चे भाग चुके हैं। बार-बार हो रही इन गंभीर घटनाओं से यह साफ हो गया है कि बाल संप्रेक्षण गृह की सुरक्षा भगवान भरोसे चल रही है और वहां की निगरानी व्यवस्था पूरी तरह से कटघरे में है।

 छत्तीसगढ़ में फसल बीमा की अंतिम तिथि 31 जुलाई: सिर्फ 2% प्रीमियम देकर किसान सुरक्षित करें अपनी उपज

२३ जून को हुई पिछली बड़ी घटना के बाद प्रशासनिक अमला हरकत में आया था। तब खुद कलेक्टर अजीत वसंत और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) राजेश अग्रवाल ने बाल संप्रेक्षण गृह का सघन निरीक्षण किया था। दोनों आला अधिकारियों ने मौके पर सुरक्षा से जुड़ी कई गंभीर खामियों को पकड़ा था और उन्हें तत्काल दुरुस्त करने के कड़े निर्देश जारी किए थे। लेकिन अफसरों के जाने के बाद इन निर्देशों पर कोई ठोस अमल नहीं किया गया। पुराने और कमजोर हो चुके दरवाजों व खिड़कियों को जस का तस छोड़ दिया गया, जिसका नतीजा यह रहा कि महीने भर के भीतर ही अपचारी बालकों ने उसी कमजोर कड़ी का फायदा उठाया और दोबारा भागने में कामयाब हो गए।

 Post Office TD Scheme: 5 लाख जमा करने पर 5 साल बाद कितना मिलेगा? जानिए पूरा हिसाब

मंगलवार रात हुई इस सनसनीखेज घटना की सूचना मिलते ही गांधीनगर थाना पुलिस के साथ प्रशासनिक अधिकारी दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे। फरार अपचारी बालकों की धरपकड़ के लिए पुलिस ने तत्काल घेराबंदी शुरू कर दी है। शहर के सभी एंट्री और एग्जिट पॉइंट्स पर कड़ा पहरा लगा दिया गया है। विशेष रूप से रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और मुख्य चौराहों पर पुलिस की टीमें लगातार तलाशी अभियान चला रही हैं। इसके साथ ही, पुलिस प्रशासन ने फरार हुए सभी बच्चों के परिजनों से भी तत्काल संपर्क साधा है। परिजनों को कड़े निर्देश दिए गए हैं कि यदि कोई भी बच्चा घर पहुंचता है या संपर्क करने की कोशिश करता है, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें और बच्चों को वापस संप्रेक्षण गृह लौटने के लिए प्रेरित करें।

Share.

About Us

CG NOW एक भरोसेमंद और निष्पक्ष न्यूज़ प्लेटफॉर्म है, जो आपको छत्तीसगढ़, भारत और दुनिया भर की ताज़ा, सटीक और तथ्य-आधारित खबरें प्रदान करता है। हमारी प्राथमिकता है जनता तक सही और निष्पक्ष जानकारी पहुँचाना, ताकि वे हर पहलू से जागरूक और अपडेटेड रहें।

Contact Us

Syed Sameer Irfan
📞 Phone: 94255 20244
📧 Email: sameerirfan2009@gmail.com
📍 Office Address: 88A, Street 5 Vivekanand Nagar, Bhilai 490023
📧 Email Address: cgnow.in@gmail.com
📞 Phone Number: 94255 20244

© 2025 cgnow.in. Designed by Nimble Technology.

error: Content is protected !!
Exit mobile version