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मुख्यमंत्री विष्णु देव साय द्वारा जशपुर जिले में शुरू की जा रही मयाली-बगीचा पर्यटन विकास परियोजना क्षेत्र के कायाकल्प की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम है। भारत सरकार की स्वदेश दर्शन योजना 2.0 के तहत स्वीकृत 10 करोड़ रुपये की इस राशि से जशपुर की नैसर्गिक सुंदरता को वैश्विक पहचान मिलेगी। यह परियोजना विशेष रूप से मधेश्वर पहाड़ की प्राकृतिक भव्यता और धार्मिक महत्ता को केंद्र में रखकर तैयार की गई है, जिसके अंतर्गत मयाली डेम के निकट आधुनिक पर्यटक रिसॉर्ट और एक अत्याधुनिक स्किल डेवलपमेंट सेंटर का निर्माण किया जाएगा। इसके साथ ही, बगीचा क्षेत्र की प्रसिद्ध कैलाश गुफा और मधेश्वर पहाड़ के नीचे स्थित गुफा मंदिर का सौंदर्यीकरण किया जाएगा, जिससे यहाँ आने वाले श्रद्धालुओं और प्रकृति प्रेमियों को एक अनूठा अनुभव प्राप्त होगा।
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इस योजना का एक महत्वपूर्ण पहलू स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती देना है, जिसके लिए सरकार ‘होम-स्टे’ मॉडल को विशेष रूप से प्रोत्साहित कर रही है। इससे जशपुर के ग्रामीण और आदिवासी परिवारों को सीधे पर्यटकों से जुड़ने और अपनी संस्कृति को प्रदर्शित करते हुए अतिरिक्त आय अर्जित करने का अवसर मिलेगा। वहीं, स्किल डेवलपमेंट सेंटर के माध्यम से स्थानीय युवाओं को पर्यटन और हॉस्पिटैलिटी के क्षेत्र में प्रशिक्षित किया जाएगा, जिससे भविष्य में पैदा होने वाले रोजगार के अवसरों का लाभ सबसे पहले यहाँ के निवासियों को मिल सके। जशपुर की नदियों, झरनों और घने जंगलों को आधुनिक पर्यटन सुविधाओं से जोड़कर मुख्यमंत्री साय इसे मध्य भारत का एक प्रमुख टूरिज्म हब बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं, जो न केवल विकास लाएगा बल्कि जशपुर की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर को भी संरक्षित करेगा।
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