रायपुर:
छत्तीसगढ़ से दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की उल्टी गिनती शुरू हो गई है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, आगामी 48 घंटों के भीतर राज्य के कई हिस्सों से मानसून के विदा होने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल बन रही हैं। आने वाले दो दिनों तक प्रदेश भर में मौसम मुख्य रूप से शुष्क और साफ रहेगा। विभाग ने राज्य के किसी भी जिले के लिए बारिश या वज्रपात की कोई चेतावनी (अलर्ट) जारी नहीं की है।
तेजी से आगे बढ़ रही वापसी रेखा
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, दक्षिण-पश्चिम मानसून की विदाई रेखा देश के उत्तरी और मध्य भागों से तेजी से आगे बढ़ रही है। अगले 48 घंटों में पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, गुजरात और मध्य प्रदेश के बड़े हिस्से के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों से भी मानसून की वापसी की अनुकूल स्थिति बन जाएगी। बीते 24 घंटों में पूरे राज्य में बारिश की गतिविधियां लगभग थमी रहीं और मौसम पूरी तरह सूखा दर्ज किया गया।
दो दिन सीमित रहेंगी वर्षा गतिविधियां
मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो दिनों तक प्रदेश में बारिश होने की संभावना न के बराबर है। रायपुर में आसमान साफ रहने का अनुमान है। यहां अधिकतम तापमान 34°C और न्यूनतम तापमान करीब 25°C के आसपास बने रहने की संभावना है। बीते दिन यहां अधिकतम तापमान 33.4°C और न्यूनतम तापमान 24.9°C दर्ज किया गया था। मानसून की विदाई के साथ ही हवाओं का रुख बदलेगा, जिससे सुबह और देर रात में हल्की ठंडक का अहसास शुरू हो सकता है, जबकि दिन में तेज धूप के कारण तापमान में हल्की बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
शहरों का तापमान: राजनांदगांव में सबसे ज्यादा तपिश, पेंड्रा रोड सबसे ठंडा
बीते 24 घंटों के दौरान दर्ज किए गए प्रमुख शहरों के तापमान के आंकड़े:
| शहर | अधिकतम तापमान | न्यूनतम तापमान | मौसम की स्थिति |
| राजनांदगांव | 34.5°C (सबसे गर्म) | सामान्य | तेज धूप और उमस |
| पेंड्रा रोड | 31.0°C | 18.2°C (सबसे ठंडा) | रात में गुलाबी ठंडक |
| रायपुर | 33.4°C | 24.9°C | मौसम साफ व शुष्क |
| बिलासपुर | 32.8°C | 23.6°C | शुष्क मौसम |
| अंबिकापुर | 31.0°C | 19.4°C | रात में पारा 20°C से नीचे |
कोई चेतावनी नहीं, धीरे-धीरे बदलेगा मौसम
मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल प्रदेश में किसी तरह के सिस्टम सक्रिय न होने से बारिश का कोई अलर्ट नहीं है। लगातार शुष्क मौसम रहने से दिन का तापमान सामान्य के करीब या थोड़ा ऊपर रह सकता है, जबकि उत्तरी छत्तीसगढ़ (सरगुजा संभाग) और पहाड़ी इलाकों में रात का पारा तेजी से गिरने के संकेत हैं।


