दुनिया की दुर्लभ खोज: डायनासोरों से भी 7 करोड़ साल पुराना ‘पाताल लोक’, झारखंड की कोयला खदानों में मिली करोड़ों साल पुरानी दुनिया”

नई दिल्ली | 19 फरवरी 2026

राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने अपने नाम और लोगो के दुरुपयोग को लेकर देशभर के गैर-सरकारी संगठनों (NGOs) और संदिग्ध व्यक्तियों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। आयोग ने इस मामले में स्वतः संज्ञान (Suo Motu) लेते हुए सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों और पुलिस प्रमुखों को सख्त कार्रवाई के लिए नोटिस जारी किया है।

सुरों के सन्यासी बुद्धमनः जिनकी लहराती आवाज और सुर से हवा गुनगुनाती है,माटी महकती है और पहाड़ थिरकते हैं, लोगों की धड़कनें तेज हो जाती है, जशपुर की खुशबू और छोटा नागपुर का गौरव

भ्रामक नामों से जनता को दिया जा रहा है धोखा

NHRC के संज्ञान में आया है कि कई संगठन ‘राष्ट्रीय मानवाधिकार परिषद’ जैसे मिलते-जुलते नामों का उपयोग कर रहे हैं। ये संगठन खुद को नीति आयोग या भारत सरकार के विभिन्न मंत्रालयों से संबद्ध बताकर लोगों में भ्रम पैदा कर रहे हैं। आयोग का मानना है कि ऐसे भ्रामक नामों से न केवल जनता का विश्वास कम होता है, बल्कि धन के गबन और सरकारी कार्यप्रणाली में व्यवधान की भी संभावना बनी रहती है।

​’उड़कर आऊं क्या?’ अब यह झुंझलाहट नहीं हकीकत है: आ गई हवा में उड़ने वाली टैक्सी, 1 घंटे का सफर अब सिर्फ चंद मिनटों में

 विशेष रूप से दिल्ली में पंजीकृत एक एनजीओ “राष्ट्रीय मानवाधिकार परिषद” का मामला सामने आया है, जो कर्नाटक में भी सक्रिय है। इसके विजिटिंग कार्ड्स पर “राज्य अध्यक्ष” जैसे पदनामों का उपयोग किया जा रहा है, जो पूरी तरह भ्रामक है। इस पर कड़ा रुख अपनाते हुए आयोग ने दिल्ली और कर्नाटक के मुख्य सचिवों और पुलिस कमिश्नरों से दो सप्ताह के भीतर की गई कार्रवाई की रिपोर्ट तलब की है।

 CGHS लाभार्थियों के लिए बड़ी राहत: 10 लाख रुपये तक के मेडिकल क्लेम अब विभाग स्तर पर ही होंगे मंजूर

राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने स्पष्ट किया है कि बार-बार चेतावनी के बावजूद संदिग्ध संगठनों द्वारा उल्लंघन जारी है। आयोग ने पाया कि ये संगठन खुद को वैधानिक निकाय के रूप में पेश करते हैं, जिससे आम नागरिक इन्हें असली सरकारी आयोग समझ बैठते हैं। इस भ्रम का फायदा उठाकर जनादेश का दुरुपयोग किया जा सकता है।

इसे देखते हुए आयोग ने निर्देश दिया है कि जो भी व्यक्ति या संस्था NHRC के नाम या लोगो का अवैध उपयोग कर रही है, उनकी पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। इसमें नियमों का उल्लंघन कर प्राप्त किए गए पंजीकरणों (Registration) को रद्द करना भी शामिल है। आयोग ने पंजीकरण अधिकारियों को भी भविष्य में ऐसे नामों को मंजूरी न देने के लिए सतर्क रहने को कहा है।

संकल्प की सिद्धि: कोविड हो या विदेश प्रवास, 1825 दिनों से हर दिन पौधा लगा रहे हैं केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान

Share.

About Us

CG NOW एक भरोसेमंद और निष्पक्ष न्यूज़ प्लेटफॉर्म है, जो आपको छत्तीसगढ़, भारत और दुनिया भर की ताज़ा, सटीक और तथ्य-आधारित खबरें प्रदान करता है। हमारी प्राथमिकता है जनता तक सही और निष्पक्ष जानकारी पहुँचाना, ताकि वे हर पहलू से जागरूक और अपडेटेड रहें।

Contact Us

Syed Sameer Irfan
📞 Phone: 94255 20244
📧 Email: sameerirfan2009@gmail.com
📍 Office Address: 88A, Street 5 Vivekanand Nagar, Bhilai 490023
📧 Email Address: cgnow.in@gmail.com
📞 Phone Number: 94255 20244

© 2025 cgnow.in. Designed by Nimble Technology.

error: Content is protected !!
Exit mobile version