रायपुर | 20 मार्च 2026
छत्तीसगढ़ की षष्ठम् विधानसभा के अष्टम् सत्र (बजट सत्र) का आज अनिश्चितकाल के लिए समापन हो गया। 23 फरवरी 2026 से शुरू हुआ यह सत्र कई मायनों में ऐतिहासिक रहा, क्योंकि यह छत्तीसगढ़ के नवीन विधानसभा भवन में आयोजित होने वाला प्रथम बजट सत्र था। सत्र के समापन पर माननीय विधानसभा अध्यक्ष द्वारा प्रेषित संदेश का वाचन किया गया, जिसमें सत्र की उपलब्धियों और सांख्यिकीय आंकड़ों का लेखा-जोखा प्रस्तुत किया गया।
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सत्र के समापन पर सभापति ने जानकारी दी कि विधानसभा अध्यक्ष स्वास्थ्यगत कारणों से व्यक्तिगत रूप से सदन में उपस्थित नहीं हो सके, लेकिन उन्होंने तकनीक और इलेक्ट्रॉनिक साधनों के माध्यम से सदन की हर बैठक का निरंतर अवलोकन किया और आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया।
सत्र की प्रमुख उपलब्धियां और विधायी कार्य
इस बजट सत्र के दौरान कई महत्वपूर्ण विधेयक पारित किए गए, जो राज्य की दिशा तय करने में सहायक होंगे:
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छत्तीसगढ़ धर्म स्वातंत्र्य विधेयक-2026
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छत्तीसगढ़ नगर ग्राम निवेश विधेयक-2026
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छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल (संशोधन) विधेयक-2026
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कुल 08 विधेयक सदन में प्रस्तुत किए गए और सभी 08 विधेयक चर्चा के बाद पारित हुए।
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बजट सत्र 2026: आंकड़ों की जुबानी
विधानसभा अध्यक्ष के संदेश में सत्र के दौरान हुए कार्यों का विस्तृत सांख्यिकीय विवरण साझा किया गया:
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अवधि: 26 दिनों के दौरान कुल 15 बैठकें हुईं, जिनमें लगभग 108 घंटे चर्चा हुई।
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प्रश्नकाल: कुल 2924 प्रश्न प्राप्त हुए (तारांकित और अतारांकित), जिनमें से 86 प्रश्नों के उत्तर सदन में दिए गए।
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ध्यानाकर्षण: कुल 603 सूचनाएं प्राप्त हुईं, जिनमें से 220 ग्राह्य की गईं।
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बजट चर्चा: वर्ष 2026-27 के आय-व्ययक (बजट) पर सामान्य चर्चा 09 घंटे 58 मिनट चली, जबकि अनुदान मांगों पर 47 घंटे 04 मिनट तक विस्तृत चर्चा हुई। विनियोग विधेयक पर भी 06 घंटे 49 मिनट चर्चा की गई।
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नक्सल मोर्चे पर बड़ी सफलता का उल्लेख
सदन में इस बात पर विशेष प्रसन्नता व्यक्त की गई कि सत्र के दौरान उपमुख्यमंत्री और गृह मंत्री श्री विजय शर्मा के नेतृत्व में लगभग 585 आत्मसमर्पित नक्सलियों ने विधानसभा की कार्यवाही का अवलोकन किया। यह पूरे देश के लिए एक सकारात्मक संदेश है कि राज्य सरकार गुमराह युवाओं को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने में सफल हो रही है।
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अगले सत्र की संभावित तिथि
सदन की कार्यवाही के सुचारू संचालन के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत और संसदीय कार्य मंत्री श्री केदार कश्यप सहित सभी सदस्यों का आभार व्यक्त किया गया। अंत में, आगामी सत्र (मानसून सत्र) की संभावित तिथि की घोषणा की गई, जो जुलाई 2026 के तीसरे या चौथे सप्ताह में होने की संभावना है।

