जशपुर
धान खरीदी में कथित मनमानी अवैध वसूली और किसानों से हो रहे दुर्व्यवहार के विरोध में जशपुर जिला कांग्रेस कमेटी 9 जनवरी शुक्रवार को जिले भर में बड़ा आंदोलन करने जा रही है। कांग्रेस ने घोषणा की है कि जिले के सभी 46 धान खरीदी केंद्रों में एक साथ सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक धरना प्रदर्शन किया जाएगा।
यह जिला-व्यापी आंदोलन जिला कांग्रेस अध्यक्ष यूडी मिंज के नेतृत्व में होगा। कार्यक्रम में प्रदेश महासचिव एवं जिला कांग्रेस प्रभारी भानु प्रताप सिंह को कार्यक्रम का वरिष्ठ मार्गदर्शक बनाया गया है, जो संगठनात्मक और रणनीतिक दिशा देंगे।
कांग्रेस ने संयोजक तय किए हैं। पूर्व विधायक विनय भगत , मुख्य संयोजक , जशपुर जिला के साथ जशपुर विधानसभा की जिम्मेदारी दी गई है। जशपुर के पूर्व जिलाध्यक्ष मनोज सागर यादव , सह संयोजक को कुनकुरी विधानसभा के साथ सेवा दल, सभी प्रकोष्ठ के प्रभारी और पथलगांव विधानसभा में प्रदेश महासचिव एवं जिला पंचायत सदस्य को सह संयोजक आरती सिंह , युवा कांग्रेस प्रभारी रवि शर्मा और महिला कांग्रेस प्रभारी रत्ना पैकरा को भी आंदोलन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। जशपुर कांग्रेस पार्टी का दावा है कि जिले के सभी 46 धान खरीदी केंद्रों में कांग्रेस की ओर से प्रभारी नियुक्त किए गए हैं जिन्हें ब्लॉक अध्यक्ष, ब्लॉक प्रभारी को इस आंदोलन को सफल बनाने में सहयोग करेंगे किसानों के साथ खड़े रहेंगे।
कांग्रेस का आरोप है कि जिले में ही किसानों के साथ खुली लूट हो रही है। धान खरीदी केंद्रों में नमी के नाम पर अवैध वसूली की जा रही है। शासन द्वारा तय 40.680 किलोग्राम के मानक की अनदेखी कर ज्यादा तौल किया जा रहा है। कई केंद्रों पर बिचौलियों के माध्यम से खरीदी हो रही है जिससे सीधे तौर पर किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। विरोध करने पर किसानों से दुर्व्यवहार किया जाता है
जिला कांग्रेस कमेटी के महामंत्री महेश त्रिपाठी ने बताया कि 22 दिसंबर 2025 को प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर इन गड़बड़ियों की ओर ध्यान दिलाया गया था लेकिन आज तक किसी भी दोषी पर कार्रवाई नहीं हुई। कांग्रेस का आरोप है कि धान खरीदी में फैली अव्यवस्था और भ्रष्टाचार को सत्ता का संरक्षण प्राप्त है।
कांग्रेस ने मांग की है कि धान की तौल निर्धारित 40.680 किलोग्राम वारदाना सहित के मानक के अनुसार की जाए। बिचौलियों के जरिए धान खरीदी पर तत्काल रोक लगे। राइस मिलों को विशेष निगरानी में रखा जाए जिनके यहां से पिक अप के माध्यम से धान मंडी आने की शिकायत मिली है । किसानों से दुर्व्यवहार करने वाले कर्मचारियों और अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई हो तथा नमी के नाम पर होने वाली अवैध वसूली पूरी तरह बंद की जाए।
कांग्रेस ने साफ किया है कि 9 जनवरी का धरना प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहेगा लेकिन यदि किसानों की मांगों को गंभीरता से नहीं लिया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। पार्टी ने कहा है कि अन्नदाता के साथ हो रहे अन्याय को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और किसान न्याय की यह लड़ाई आखिरी दम तक लड़ी जाएगी।

