जशपुर | 8 फ़रवरी 2026 मानवता की सेवा के संकल्प को दोहराते हुए आज बाबा भगवान राम ट्रस्ट, जशपुर द्वारा संचालित अघोर पीठ, वामदेव नगर, गम्हरिया में निःशुल्क मिर्गी चिकित्सा शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस शिविर में छत्तीसगढ़ सहित पड़ोसी राज्यों के कुल 88 मरीजों का उपचार किया गया, जिनमें 10 बच्चे भी शामिल थे।
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सूर्योदय से पूर्व दवा का विधान
शिविर का शुभारंभ तड़के प्रातः 5:00 बजे परमपूज्य अघोरेश्वर भगवान राम जी एवं पूज्यपाद गुरुपद संभव राम जी के चित्रों पर विधिवत पूजन-आरती के साथ हुआ। मिर्गी की विशेष ‘फकीरी’ दवा को पान के पत्ते पर सूर्योदय से पूर्व देने के विधान के कारण अधिकांश मरीजों को एक दिन पूर्व ही आश्रम बुला लिया गया था। पूजन के पश्चात मरीजों को फकीरी दवा के साथ ट्रस्ट द्वारा निर्मित आयुर्वेदिक औषधियों का वितरण किया गया।

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देशभर से पहुंचे पीड़ित
शिविर की ख्याति और औषधियों के प्रभाव का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि यहाँ केवल स्थानीय ही नहीं, बल्कि दूर-दराज के क्षेत्रों से भी मरीज पहुंचे थे: जिसमें झारखंड के रांची, गुमला, सिमडेगा, चतरा, टाटा, डाल्टनगंज, गढ़वा, मनोहरपुर।छत्तीसगढ़ के रायपुर, दुर्ग, भिलाई, सक्ती, कांकेर, सरगुजा, रायगढ़, चिरमिरी, जांजगीर-चांपा आदि इसमें राज्य बिहार (भागलपुर), मध्यप्रदेश (सीहोर), ओडिशा (अंगुल, वीरमित्रपुर) और महाराष्ट्र (नागपुर)।
विशेषज्ञों का मार्गदर्शन मे किया गया.
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विशेष रूप से आमंत्रित वैद्य रंजीत सिंह जी एवं उनके सहयोगी श्री धर्मेन्द्र सिंह जी ने मरीजों को दवा वितरित की। दवा वितरण के उपरांत वैद्य जी ने औषधि सेवन के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों और विशेष परहेज के बारे में विस्तार से जानकारी दी।

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ट्रस्ट द्वारा जानकारी दी गई कि अगला चिकित्सा शिविर आगामी 10 मई 2026 को इसी स्थान पर आयोजित होगा। मरीजों को निर्देशित किया गया है कि वे दवा हेतु एक दिन पूर्व, यानी 09 मई 2026 की संध्या तक आश्रम परिसर में अनिवार्य रूप से उपस्थित हो जाएं।
शिविर को सफल बनाने में पी.के. श्रीवास्तव, संतोष मिश्र, प्रशांत सिंह, अनन्त शाहदेव, ऋषभ सिंह, सत्येन्द्र सिंह (मामा), अखिलेश यादव, शिवम, अक्षय सिंह, शंकर यादव, ओमप्रकाश यादव और सुशील चौधरी का विशेष सहयोग रहा।
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यह शिविर बाबा भगवान राम ट्रस्ट के अध्यक्ष पूज्यपाद गुरुपद संभव राम जी के कुशल निर्देशन में संपन्न हुआ, जिनके मार्गदर्शन में विगत कई वर्षों से हजारों मिर्गी रोगी स्वास्थ्य लाभ प्राप्त कर चुके हैं।
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