नई दिल्ली | 19 मार्च 2026
भारतीय रेलवे ने रेल यात्रियों के सफर को सुखद और स्वास्थ्यवर्धक बनाने की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम उठाया है। केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने लोकसभा में एक प्रश्न के उत्तर में जानकारी साझा की कि अब ट्रेनों में अनधिकृत वेंडिंग को जड़ से खत्म करने और खानपान की गुणवत्ता सुधारने के लिए अत्याधुनिक तकनीक का सहारा लिया जा रहा है। रेल अधिनियम, 1989 की धारा 144 के तहत अवैध फेरी लगाने वालों पर सख्त कार्रवाई के साथ-साथ अब क्यूआर कोड (QR Code) आधारित निगरानी प्रणाली लागू कर दी गई है।
इस नई व्यवस्था के अंतर्गत ट्रेनों में तैनात प्रत्येक अधिकृत वेंडर और उनके सहायकों के लिए क्यूआर कोड युक्त पहचान पत्र अनिवार्य कर दिया गया है। यात्री या रेल अधिकारी इस कोड को स्कैन करके संबंधित कर्मचारी का नाम, आधार विवरण, पुलिस सत्यापन और मेडिकल फिटनेस की तत्काल जांच कर सकते हैं। इससे न केवल सुरक्षा बढ़ेगी, बल्कि यात्रियों को यह भी पता चलेगा कि उनकी सेवा में तैनात कर्मचारी पूरी तरह प्रमाणित है।
भोजन की गुणवत्ता को लेकर रेलवे ने ‘डिजिटल ट्रेसिबिलिटी’ (Digital Traceability) पर जोर दिया है। अब भोजन के पैकेटों पर क्यूआर कोड अंकित होगा, जो सीधे उस बेस किचन और निर्माण के समय की जानकारी प्रदान करेगा जहाँ खाना तैयार किया गया है। पारदर्शिता बढ़ाने के लिए सभी आधुनिक बेस किचन में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिससे भोजन पकाने की पूरी प्रक्रिया की चौबीसों घंटे निगरानी संभव होगी।
गुणवत्ता मानकों को कड़ा करते हुए रेलवे ने सभी खानपान इकाइयों के लिए एफएसएसएआई (FSSAI) प्रमाणन को अनिवार्य बना दिया है। खाने की तैयारी में केवल उच्च गुणवत्ता वाले ब्रांडेड कच्चे माल जैसे मानक तेल, मसाले और डेयरी उत्पादों का उपयोग किया जाएगा। इसके अलावा, पैंट्री कारों की गहन सफाई, नियमित कीट नियंत्रण और खाद्य सुरक्षा अधिकारियों द्वारा समय-समय पर औचक निरीक्षण की व्यवस्था की गई है। यात्री संतोष सुनिश्चित करने के लिए तृतीय-पक्ष ऑडिट और नियमित सर्वेक्षण भी किए जा रहे हैं।
आईआरसीटीसी (IRCTC) द्वारा खानपान कर्मचारियों के कौशल विकास पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उन्हें ग्राहकों के साथ विनम्र व्यवहार, व्यक्तिगत स्वच्छता और अंतरराष्ट्रीय सेवा मानकों के अनुरूप प्रशिक्षित किया जा रहा है। रेलवे का यह एकीकृत प्रयास न केवल अवैध विक्रेताओं पर लगाम लगाएगा, बल्कि भारतीय रेल में खानपान के एक नए युग की शुरुआत करेगा।



