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जशपुर 17 दिसंबर 2025
जशपुर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए फर्जी तरीके से खुद को छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल का जवान बताकर नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी दो महिलाओं को झांसे में लेकर उनसे लाखों रुपये ऐंठ चुका था। यह मामला थाना सिटी कोतवाली जशपुर क्षेत्र का है।
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पुलिस के अनुसार आरोपी पुन्नी लाल अनंत उम्र 27 वर्ष निवासी ग्राम टाडा दर्रीकापा थाना कोटा जिला बिलासपुर जशपुर में किराए के मकान में रह रहा था। वह पुलिस की वर्दी पहनकर खुद को छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल का सिपाही बताता था और कलेक्ट्रेट परिसर जशपुर में खुलेआम घूमता था। इसी दौरान उसकी मुलाकात दो महिलाओं से हुई।
दिनांक 8 दिसंबर 2025 को प्रार्थिया सीमा बाई उम्र 39 वर्ष निवासी झरगांव चौकी सोनक्यारी ने थाना सिटी कोतवाली जशपुर में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। प्रार्थिया ने बताया कि 28 अगस्त 2025 को वह कलेक्ट्रेट परिसर जशपुर किसी काम से आई थी जहां उसकी मुलाकात पुलिस की वर्दी पहने एक युवक से हुई। युवक ने अपना नाम पुन्नी लाल अनंत बताया और खुद को प्रभावशाली बताते हुए मत्स्य विभाग में नौकरी दिलाने का झांसा दिया।
वर्दी में होने के कारण प्रार्थिया आरोपी के झांसे में आ गई। कुछ दिनों बाद आरोपी ने फोन कर बताया कि नौकरी के लिए चार लाख रुपये लगेंगे और जल्द ज्वाइनिंग लेटर मिल जाएगा। इस पर प्रार्थिया ने दो लाख रुपये आरोपी को दे दिए। शेष रकम मिलने पर ज्वाइनिंग लेटर देने की बात कही गई थी। आरोपी ने प्रार्थिया की भतीजी को भी डाटा एंट्री ऑपरेटर की नौकरी दिलाने के नाम पर उसके शैक्षणिक दस्तावेज अपने पास रख लिए और तीन लाख रुपये की मांग की।
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कुछ समय बाद प्रार्थिया को पता चला कि आरोपी कोई पुलिसकर्मी नहीं है और उसने फर्जी वर्दी पहनकर ठगी की है। मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना सिटी कोतवाली जशपुर में आरोपी के खिलाफ बीएनएस की धारा 318(2) और 318(4) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर जांच शुरू की गई।
घटना के बाद से आरोपी फरार था। पुलिस लगातार उसकी तलाश कर रही थी। मुखबिर और टेक्निकल टीम की मदद से पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी अपने गृह ग्राम टाडा दर्रीकापा थाना कोटा जिला बिलासपुर में छिपा हुआ है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर शशि मोहन सिंह के निर्देश पर विशेष टीम गठित कर बिलासपुर भेजी गई। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर आरोपी को उसके घर से हिरासत में लेकर जशपुर लाया।
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पूछताछ में आरोपी ने अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि वह जशपुर में रहकर खुद को छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल का जवान बताता था और वर्दी पहनकर कलेक्ट्रेट परिसर में घूमता था। इसी दौरान उसने दो महिलाओं को नौकरी दिलाने के नाम पर ठगा और एक महिला से दो लाख रुपये ले लिए। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से मार्कशीट जाति प्रमाण पत्र आधार कार्ड सहित अन्य दस्तावेज जब्त किए हैं।
पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी सिटी कोतवाली जशपुर निरीक्षक मोरध्वज देशमुख सहायक उप निरीक्षक मनोज कुमार भगत एवं आरक्षक विनोद तिर्की की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर शशि मोहन सिंह ने बताया कि फर्जी सशस्त्र बल का जवान बनकर नौकरी के नाम पर ठगी करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।

