बंगाल की खाड़ी में बना गहरा दबाव (Deep Depression) अब विकराल रूप ले चुका है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार यह मौसमी तंत्र बुधवार रात विशाखापत्तनम और गोपालपुर के बीच उत्तर आंध्र प्रदेश व दक्षिण ओडिशा तट को पार करेगा। तट से टकराते समय हवा की गति 70 से 75 किमी प्रति घंटा रहने का अनुमान है। इस मौसमी आपदा का व्यापक असर छत्तीसगढ़, ओडिशा, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और उत्तर भारत के कई राज्यों पर दिखेगा। मौसम विभाग ने कई राज्यों में रेड अलर्ट जारी किया है।
छत्तीसगढ़: 23 और 24 सितंबर को रेड अलर्ट, अत्यंत भारी बारिश के आसार
छत्तीसगढ़ में 23 और 24 सितंबर को अत्यधिक भारी बारिश की संभावना को देखते हुए मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है। मध्य और दक्षिण छत्तीसगढ़ के जिलों में 28 सितंबर तक मूसलाधार बारिश की चेतावनी दी गई है। बस्तर संभाग और आसपास के इलाकों में तेज आंधी-तूफान के साथ आकाशीय बिजली गिरने और निचले इलाकों में जलभराव का खतरा बढ़ गया है, जिसे देखते हुए आपदा प्रबंधन तंत्र को अलर्ट पर रखा गया है।
ओडिशा: 8 जिलों में स्कूल-कॉलेज बंद, कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द
मौसम की गंभीरता को देखते हुए ओडिशा सरकार ने नबरंगपुर, मलकानगिरी, पुरी, जगतसिंहपुर, गंजाम, गजपति, कोरापुट और खुर्दा जिलों में शैक्षणिक संस्थानों को 24 सितंबर तक बंद रखने का आदेश दिया है। सभी सरकारी कर्मियों की छुट्टियां रद्द कर उन्हें तुरंत ड्यूटी पर लौटने को कहा गया है। चिल्का झील में सतपाड़ा और जहनिकुड़ा के बीच फेरी सेवा 25 सितंबर तक बंद रहेगी। पुरी के समुद्र तटों पर लाल झंडे लगाकर समुद्र में नहाने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। मछुआरों को 24 सितंबर तक समुद्र में न जाने की सख्त सलाह दी गई है।
ओडिशा में राहत व बचाव: 33 ODRAF टीमें तैनात, 140 लैंडस्लाइड पॉइंट चिह्नित
गजपति जिले में भूस्खलन और मलबा गिरने की आशंका वाली 140 जगहों की पहचान कर लोगों की आवाजाही रोक दी गई है। पूरे राज्य में 33 ODRAF टीमें तैनात की गई हैं, जिनमें से 24 टीमें कोरापुट, मलकानगिरी, रायगड़ा, कालाहांडी, गंजाम और गजपति जैसे संवेदनशील जिलों में भेजी गई हैं। पहाड़ी इलाकों में रास्ते साफ रखने के लिए अर्थमूविंग मशीनें तैनात हैं। मुख्य सचिव अनु गर्ग ने शेल्टर होम तैयार रखने के निर्देश दिए हैं। वहीं मलकानगिरी में सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए 24 सितंबर को शराब की दुकानें भी बंद रहेंगी।
तेलंगाना: कई जिलों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट, सीएम ने दिए निर्देश
तेलंगाना में भी 23 और 24 सितंबर को पेद्दापल्ली, जयशंकर भूपालपल्ली, मुलुगु, आसिफाबाद, मंचेरियल, करीमनगर, खम्मम और निजामाबाद में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने ग्रेटर हैदराबाद, साइबराबाद और मलकाजगिरी नगर निगमों के आयुक्तों, पुलिस कमिश्नरों और आपदा मोचन एजेंसी (HYDRAA) को आपसी समन्वय के साथ काम करने और प्रमुख चौराहों व सड़कों पर जलभराव रोकने के लिए तुरंत कदम उठाने के निर्देश दिए हैं।
उत्तर प्रदेश, बिहार, बंगाल और उत्तराखंड: 25 से 28 सितंबर तक व्यापक बारिश
इस सिस्टम का असर मध्य व पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार के तराई क्षेत्रों और पश्चिम बंगाल के दोआब क्षेत्र में भी दिखेगा। दार्जिलिंग और तीस्ता की पहाड़ियों में अचानक बाढ़ और भूस्खलन का खतरा मंडरा रहा है, जिसका असर नेपाल और तिब्बत तक पड़ सकता है। आईएमडी के ताजा बुलेटिन के अनुसार 25 से 28 सितंबर के दौरान उत्तर प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और खासकर उत्तराखंड (26 से 28 सितंबर) में व्यापक वर्षा, गरज-चमक और वज्रपात की प्रबल संभावना है।

