रायपुर
छत्तीसगढ़ के शासकीय विद्यालयों में जारी हड़ताल को लेकर स्कूल शिक्षा विभाग ने सख्त रुख अपना लिया है। विभाग ने राज्य के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों (DEO) को कड़े निर्देश जारी करते हुए कहा है कि हड़ताल पर गए अतिथि शिक्षक यदि 27 जुलाई 2026 तक अपने-अपने विद्यालयों में कार्य पर नहीं लौटते हैं, तो उनकी सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी जाएंगी।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत से ही अतिथि शिक्षकों की हड़ताल के कारण स्कूलों में पठन-पाठन प्रभावित हो रहा है, जो विद्यार्थियों के भविष्य और हितों के पूरी तरह प्रतिकूल है।
छत्तीसगढ़ के शासकीय विद्यालयों में जारी हड़ताल पर कड़ा रुख अपनाते हुए स्कूल शिक्षा विभाग ने राज्य के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं। नया शैक्षणिक सत्र शुरू होते ही अतिथि शिक्षकों की हड़ताल के कारण स्कूलों में पठन-पाठन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है, जिसे विद्यार्थियों के हित के खिलाफ बताते हुए विभाग ने अंतिम समय-सीमा तय कर दी है। आदेश के तहत शाला प्रबंध समिति (SMC) के माध्यम से हड़तालरत अतिथि शिक्षकों को निर्देशित किया जाएगा कि वे 27 जुलाई 2026 तक अनिवार्य रूप से अपने-अपने विद्यालयों में अध्यापन कार्य के लिए लौट आएं। यदि तय तिथि तक वे काम पर वापस नहीं लौटते हैं, तो पूर्व निर्देशों की कंडिका 7.3 के प्रावधानों के तहत उनकी अध्यापन व्यवस्था तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी जाएगी। साथ ही जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि सेवाएं समाप्त किए जाने की स्थिति में तुरंत वैकल्पिक शिक्षकों की व्यवस्था की जाए, ताकि छात्रों की पढ़ाई बिना किसी बाधा के सुचारू रूप से संचालित हो सके।

