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रायपुर
छत्तीसगढ़ शासन के स्कूल शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार, निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार (आरटीई) अधिनियम, 2009 के अंतर्गत शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए एक बड़ा फैसला लिया गया है। राज्य के निजी विद्यालयों में कक्षा पहली की आरटीई के तहत बची हुई रिक्त सीटों पर दाखिले के लिए तृतीय एवं अंतिम चरण की ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया संचालित की जाएगी। इस संबंध में लोक शिक्षण संचालनालय, छत्तीसगढ़ द्वारा प्रदेश के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को कड़े दिशा-निर्देश और पूरी समय-सारणी जारी कर दी गई है।
शासन ने सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया है कि आरटीई प्रवेश की यह संपूर्ण प्रक्रिया 27 अगस्त 2026 तक हर स्थिति में अनिवार्य रूप से पूर्ण की जानी है और समय-सीमा में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
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आरटीई तृतीय चरण: महत्वपूर्ण तिथियां और समय-सारणी
प्रवेश प्रक्रिया को पारदर्शी और सुचारू बनाने के लिए लोक शिक्षण संचालनालय द्वारा एक निश्चित टाइमलाइन जारी की गई है, जिसके तहत नोडल प्राचार्यों और निजी स्कूलों को जिम्मेदारी सौंपी गई है:
रिक्त सीटों का प्रकटीकरण व प्रचार : 17 जुलाई से 21 जुलाई 2026 जिला स्तर पर सभी निजी विद्यालयों की रिक्त सीटों की सूची सार्वजनिक की जाएगी और इसका व्यापक प्रचार-प्रसार होगा।
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केवल नए व अप्रवेशित बच्चों को मिलेगा मौका, पुराने नियम रहेंगे लागू
लोक शिक्षण संचालनालय ने आवेदन की शर्तों को लेकर स्थिति पूरी तरह साफ कर दी है। इस तीसरे और अंतिम चरण में केवल वही पात्र बच्चे आवेदन करने के योग्य माने जाएंगे, जिन्हें आरटीई के पूर्व में हुए किसी भी चरण (प्रथम या द्वितीय) में कोई सीट या प्रवेश प्राप्त नहीं हुआ है। इसके साथ ही, विभाग ने स्पष्ट किया है कि प्रथम चरण के दौरान लागू की गई सभी नियम, शर्तें और पात्रता के मापदंड इस अंतिम चरण में भी पूरी तरह से यथावत प्रभावी रहेंगे।
जिला शिक्षा अधिकारियों (DEOs) को विशेष निर्देश दिए गए हैं कि निजी विद्यालयों के आसपास निवासरत गरीब व पात्र पालकों तक इस अंतिम चरण की जानकारी पहुंचाने के लिए गांवों और मोहल्लों में मुनादी कराई जाए। इसके अलावा स्थानीय समाचार पत्रों एवं अन्य संचार माध्यमों का उपयोग करने को कहा गया है ताकि कोई भी जरूरतमंद बच्चा इस कल्याणकारी योजना के लाभ से वंचित न रहे। स्कूल शिक्षा संचालनालय ने सभी विभागीय अधिकारियों और निजी स्कूल प्रबंधनों को इस समय-सारणी का कड़ाई से पालन करने तथा इसकी प्रतिदिन मॉनिटरिंग करने का आदेश दिया है।


