नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का वार्षिक संवाद कार्यक्रम ‘परीक्षा पे चर्चा’ (PPC 2026) इस वर्ष सफलता के नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। आगामी 6 फरवरी 2026 को आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम के लिए देश भर के छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों में अभूतपूर्व उत्साह देखा जा रहा है। इस वर्ष के आयोजन की सबसे बड़ी विशेषता इसकी विशाल जनभागीदारी है, जिसने पिछले सभी आठ संस्करणों के रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं।
शिक्षा मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, इस साल 4.5 करोड़ से अधिक छात्रों ने ‘MyGov’ पोर्टल के माध्यम से अपना पंजीकरण कराया है। यदि इसमें शिक्षकों और अभिभावकों की संख्या भी जोड़ दी जाए, तो यह आंकड़ा 6.76 करोड़ के पार पहुँच जाता है। यह संख्या दर्शाती है कि ‘परीक्षा पे चर्चा’ अब केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि एक राष्ट्रीय ‘जन आंदोलन’ बन चुका है।
प्रधानमंत्री इस बार भी दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम से छात्रों को संबोधित करेंगे, जहाँ वह परीक्षा के तनाव को दूर करने और जीवन को एक उत्सव के रूप में जीने का मंत्र देंगे। इस वर्ष की मुख्य थीम ‘एग्जाम उत्सव’ को ‘जीवन उत्सव’ के रूप में मनाने पर केंद्रित है। चर्चा के दौरान प्रधानमंत्री न केवल मेधावी छात्रों के सवालों के जवाब देंगे, बल्कि उन छात्रों से भी संवाद करेंगे जो परीक्षा के दबाव में खुद को कमजोर महसूस करते हैं।
कार्यक्रम की शुरुआत प्रधानमंत्री द्वारा छात्रों द्वारा लगाई गई एक विशेष प्रदर्शनी के अवलोकन से होगी। इस प्रदर्शनी में देश के विभिन्न स्कूलों के छात्र अपने नवीन प्रोजेक्ट्स और ‘एग्जाम वॉरियर्स’ थीम पर आधारित कलाकृतियों का प्रदर्शन करेंगे। इसके बाद, मुख्य सत्र में प्रधानमंत्री एक मार्गदर्शक और मित्र की भूमिका में छात्रों से सीधे जुड़ेंगे और समय प्रबंधन, डिजिटल गैजेट्स के संतुलित उपयोग और एकाग्रता बढ़ाने जैसे विषयों पर अपने अनुभव साझा करेंगे।
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ताकि देश के दूर-दराज के क्षेत्रों में रहने वाले छात्र भी इस अनमोल चर्चा का लाभ उठा सकें, इसका सीधा प्रसारण दूरदर्शन, आकाशवाणी और सभी प्रमुख सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर सुबह 10 बजे से किया जाएगा। शिक्षा मंत्रालय ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के स्कूलों में इस कार्यक्रम को दिखाने के लिए विशेष प्रबंध किए हैं।
‘परीक्षा पे चर्चा 2026’ केवल परीक्षा परिणामों को बेहतर बनाने के बारे में नहीं है, बल्कि यह युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य और उनके सर्वांगीण विकास की दिशा में एक सशक्त कदम है। प्रधानमंत्री मोदी का यह प्रयास निश्चित रूप से आने वाली पीढ़ियों को अधिक आत्मविश्वासी और तनावमुक्त बनाने में सहायक सिद्ध होगा।

