देश में अपराधों की रोकथाम और सत्यापन प्रणाली: जानें पुलिस, NDSO और NCRC पोर्टल की भूमिका

नई दिल्ली: भारत में डिजिटल क्रांति के तेजी से विस्तार के साथ-साथ ऑनलाइन ठगी और साइबर अपराध के मामलों में भी चिंताजनक बढ़ोतरी देखी गई है। गृह मंत्रालय द्वारा संसद में पेश किए गए ताजा आंकड़ों के मुताबिक, देश में साइबर अपराध के मामले बीते 5 वर्षों में दोगुने से भी अधिक हो चुके हैं। वर्ष 2020 में देश भर में जहाँ कुल 50,035 साइबर अपराध दर्ज किए गए थे, वहीं 2024 में यह आंकड़ा बढ़कर 1,01,928 तक पहुँच गया। छत्तीसगढ़ में भी साइबर अपराध तेजी से पैर पसार रहे हैं; राज्य में वर्ष 2020 में दर्ज 297 मामलों के मुकाबले 2024 में यह संख्या बढ़कर 660 हो गई है। लोकसभा में पूछे गए एक सवाल के लिखित जवाब में गृह राज्य मंत्री श्री बंदी संजय कुमार ने राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की ‘क्राइम इन इंडिया’ रिपोर्ट के हवाले से यह विस्तृत जानकारी साझा की।

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आंकड़ों का विश्लेषण करें तो देश भर में ऑनलाइन धोखाधड़ी और कंप्यूटर संबंधी अपराधों में सबसे बड़ा उछाल दर्ज किया गया है। वर्ष 2024 में राज्यों के स्तर पर साइबर अपराध के सबसे अधिक मामले तेलंगाना (27,230), कर्नाटक (21,993) और उत्तर प्रदेश (11,073) से सामने आए। अपराध के तरीकों की बात करें तो देश भर में कंप्यूटर संबंधी अपराधों के 36,920 मामले और ऑनलाइन धोखाधड़ी/चीटिंग के 29,758 मामले दर्ज किए गए। इसके अलावा फर्जी सोशल मीडिया प्रोफाइल बनाने, डेटा चोरी करने, साइबर ब्लैकमेलिंग और साइबर स्टॉकिंग के मामलों में भी लगातार बढ़ोतरी दर्ज की गई है।

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साइबर अपराधियों पर शिकंजा कसने और आम नागरिकों के वित्तीय हितों की सुरक्षा के लिए केंद्रीय गृह मंत्रालय के ‘भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र’ (I4C) ने कई कड़े कदम उठाए हैं। वित्तीय धोखाधड़ी की त्वरित शिकायत के लिए शुरू की गई प्रणाली (CFCFRMS) और हेल्पलाइन नंबर 1930 के माध्यम से अब तक नागरिकों के 11,158 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सुरक्षित बचाई जा चुकी है। इसके साथ ही, देश के महत्वपूर्ण डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर की सुरक्षा के लिए विशेष रूप से प्रशिक्षित 281 ‘साइबर कमांडो’ का पहला बैच तैयार कर लिया गया है, जिन्हें देश के शीर्ष प्रौद्योगिकी संस्थानों (IITs), NFSU और राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय से उच्च स्तरीय प्रशिक्षण दिया गया है।

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अंतरराज्यीय साइबर गिरोहों को पकड़ने और ऑनलाइन अवैध कंटेंट पर कार्रवाई के लिए भी तकनीकी सुधार किए गए हैं। आई4सी के ‘प्रतिबिंब’ (Pratibimb) मॉड्यूल की मदद से अपराधियों के रियल-टाइम लोकेशन को ट्रेस करके 29,837 से अधिक आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि ‘सहयोग’ पोर्टल के माध्यम से गैर-कानूनी डिजिटल लिंक और कंटेंट को हटाने की प्रक्रिया तेज की गई है। इसके अलावा, जामताड़ा, मेवात, अहमदाबाद, हैदराबाद, चंडीगढ़, विशाखापत्तनम और गुवाहाटी जैसे प्रमुख साइबर क्राइम हॉटस्पॉट्स पर नकेल कसने के लिए 7 विशेष संयुक्त साइबर समन्वय टीमें (JCCT) गठित की गई हैं।

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संविधान की 7वीं अनुसूची के अनुसार ‘पुलिस’ और ‘सार्वजनिक व्यवस्था’ राज्य के विषय हैं, इसलिए किसी भी साइबर अपराध की जांच, एफआईआर दर्ज करने और आरोपियों की गिरफ्तारी की प्राथमिक जिम्मेदारी राज्य पुलिस की ही होती है, जिसमें केंद्र सरकार तकनीकी और वित्तीय सहयोग प्रदान करती है। यदि कोई नागरिक ऑनलाइन धोखाधड़ी का शिकार होता है, तो वह तुरंत टोल-फ्री नंबर 1930 पर कॉल करके या आधिकारिक पोर्टल (cybercrime.gov.in) पर अपनी शिकायत दर्ज करवा सकता है।

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वर्ष 2020-2024 के दौरान साइबर अपराधों के अंतर्गत राज्य/केंद्र शासित प्रदेशवार दर्ज मामले

क्रमांक राज्य/केंद्र शासित प्रदेश 2020 2021 2022 2023 2024
1 आंध्र प्रदेश 1899 1875 2341 2341 2528
2 अरुणाचल प्रदेश 30 47 14 24 78
3 असम 3530 4846 1733 909 408
4 बिहार 1512 1413 1621 4450 6380
5 छत्तीसगढ 297 352 439 473 660
6 गोवा 40 36 90 86 77
7 गुजरात 1283 1536 1417 1995 1592
8 हरियाणा 656 622 681 751 1815
9 हिमाचल प्रदेश 98 70 77 127 148
10 झारखंड 1204 953 967 1079 1423
11 कर्नाटक 10741 8136 12556 21889 21993
12 केरल 426 626 773 3295 2962
13 मध्य प्रदेश 699 589 826 685 1081
14 महाराष्ट्र 5496 5562 8249 8103 9922
15 मणिपुर 79 67 18 3 5
16 मेघालय 142 107 75 64 97
17 मिजोरम 13 30 1 31 50
18 नगालैंड 8 8 4 2 14
19 ओडिशा 1931 2037 1983 2348 2501
20 पंजाब 378 551 697 511 888
21 राजस्थान 1354 1504 1833 2435 1527
22 सिक्किम 0 0 26 12 15
23 तमिलनाडु 782 1076 2082 4121 5793
24 तेलंगाना 5024 10303 15297 18236 27230
25 त्रिपुरा 34 24 30 36 33
26 उत्‍तर प्रदेश 11097 8829 10117 10794 11073
27 उत्तराखंड 243 718 559 494 543
28 पश्चिम बंगाल 712 513 401 309 282
  कुल राज्य 49708 52430 64907 85603 101118
29 अंडमान और निकोबार द्वीप समूह 5 8 28 47 28
30 चंडीगढ़ 17 15 27 23 116
31 दादरा और नगर हवेली और दमन एवं दीव 3 5 5 6 5
32 दिल्ली 168 356 685 407 404
33 जम्मू और कश्मीर 120 154 173 185 114
34 लद्दाख 1 5 3 1 1
35 लक्षद्वीप 3 1 1 1 0
36 पुदुचेरी 10 0 64 147 142
  कुल केंद्र शासित प्रदेश 327 544 986 817 810
  कुल (पूरे भारत में) 50035 52974 65893 86420 101928

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अनुलग्नक-II

वर्ष 2020-2024 के दौरान साइबर अपराधों के अंतर्गत दर्ज किए गए मामलों की संख्या (अपराध-क्रमानुसार)

 

क्रमांक अपराध 2020 2021 2022 2023 2024
1 कंप्यूटर स्रोत दस्तावेजों के साथ छेड़छाड़ करना 338 55 65 71 162
2 कंप्यूटर सम्‍बंधी अपराध 21926 19915 23894 35329 36920
3 साइबर आतंकवाद 26 15 12 11 18
4 अश्लील/यौन रूप से स्पष्ट कृत्यों का इलेक्ट्रॉनिक रूप में प्रकाशन/प्रसारण 6308 6598 6896 7893 6990
5 सूचना का अवरोधन, निगरानी या विवरण 7 2 1 1 4
6 संरक्षित कंप्यूटर सिस्टम तक अनधिकृत पहुंच/प्रयास 2 3 1 1 2
7 गोपनीयता एवं निजता का उल्लंघन 37
8 धोखाधड़ी के उद्देश्य से इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षरों का प्रकाशन 5
9 अपराध करने के लिए उकसाना 1 7 4 0 2
10 अपराध करने का प्रयास 18 5 18 11 14
11 आईटी अधिनियम की अन्य धाराएं 1017 827 1017 920 718
आईटी अधिनियम के अंतर्गत कुल अपराध 29643 27427 31908 44237 44872
12 आत्महत्या के लिए उकसाना (ऑनलाइन) 10 10 24 30 12
13 महिलाओं/बच्चों का साइबर पीछा करना/धमकाना 872 1176 1471 1305 1240
14 छलपूर्ण साधनों द्वारा यौन संबंध 99
15 संगठित साइबर अपराध 60
16 भारत की संप्रभुता, एकता, अखंडता या सुरक्षा को खतरे में डालने वाली झूठी या भ्रामक जानकारी प्रकाशित करना प्रतिबंधित है। 2
17 डेटा चोरी 98 170 97 113 88
18 धोखा 10395 14007 17470 19466 29758
19 बेईमानी 4480 6343 10509 16943 19296
20 जालसाजी 582 198 224 444 702
21 मानहानि/गलत रूप से पेश करना 51 31 61 36 28
22 फर्जी प्रोफ़ाइल 149 123 157 225 266
23 जालसाजी 9 2 2 0 3
24 साइबर ब्लैकमेलिंग/धमकी 303 689 696 689 601
25 सोशल मीडिया पर फर्जी खबरें 578 179 230 209 483
26 अन्य अपराध 2674 2456 2857 2389 4109
बी आईपीसी/बीएनएस के अंतर्गत कुल अपराध 20201 25384 33798 41849 56747
27 जुआ अधिनियम (ऑनलाइन जुआ) 63 27 37 87 37
28 लॉटरी अधिनियम (ऑनलाइन लॉटरी) 26 4 6 0 0
29 कॉपीराइट अधिनियम 49 32 27 23 30
30 ट्रेड मार्क्स अधिनियम 5 1 14 1 6
31 अन्य एसएलएल अपराध 48 99 103 223 236
सी एसएलएल के अंतर्गत कुल अपराध 191 163 187 334 309
  कुल साइबर अपराध (ए+बी+सी) 50035 52974 65893 86420 101928

स्रोत: राष्ट्रीय अपराध अभिलेख ब्यूरो  द्वारा प्रकाशित ‘भारत में अपराध’।

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