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मनोरा। विकासखंड शिक्षा अधिकारी तरुण पटेल के कुशल मार्गदर्शन में संकुल केंद्र डूमरटोली में ‘बस्ता मुक्त शनिवार’ के अंतर्गत एक भव्य विज्ञान मेला एवं मॉडल प्रदर्शनी का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम की गरिमामयी शुरुआत बीआरसीसी आशुतोष शर्मा द्वारा दीप प्रज्वलित कर की गई।
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इस प्रदर्शनी में माध्यमिक शाला डूमरटोली और सोगड़ा के नन्हे वैज्ञानिकों ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। छात्रों ने भारी वजन उठाने वाली मशीन, वाटर फिल्टर, वायुदाब मापन विधि, सोलर प्लेट, ऑटोमेटिक वाटर मशीन और सौरमंडल जैसे जटिल विषयों पर जीवंत मॉडल पेश किए। विज्ञान शिक्षक सत्यदीप प्रसाद, सीएसी श्रीमती मीरा अग्रवाल और अजीत कुमार सिदार के सक्रिय सहयोग तथा अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के निलाभ्र सर के तकनीकी मार्गदर्शन ने बच्चों के इस प्रयास को नई ऊंचाइयों पर पहुँचाया।
शिक्षा को खेल-खेल में समझाने के उद्देश्य से रजनी बिंझवार द्वारा एफएलएन किट, मात्रा चार्ट और फ्लावर मैथ्स सेट के माध्यम से गणित और भाषा का बेहतरीन प्रस्तुतीकरण किया गया। इस दौरान प्रधान पाठक राजेंद्र कुमार यादव और प्रवीण पाठक ने बच्चों को लगातार प्रोत्साहित किया, ताकि वे आत्मविश्वास के साथ ग्रामीणों और अभिभावकों के प्रश्नों का उत्तर दे सकें। कार्यक्रम के दौरान आयोजित शिक्षक-पालक-मातृ सम्मेलन में बीआरसीसी आशुतोष शर्मा और अन्य वक्ताओं ने मातृशक्ति को संबोधित करते हुए शिक्षा में उनकी भूमिका पर प्रकाश डाला।
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श्रीमती मंत्री बाई के कुशल संचालन में आयोजित इस कार्यक्रम को व्यवस्थित करने में संजीव यादव, किरण राम, महारथी, भगवती राठिया और सरिता बाई का विशेष सहयोग रहा। मेले में ग्राम फतेहपुर, मरगा और डूमरटोली के बड़ी संख्या में ग्रामीण और अभिभावक शामिल हुए। शाला विकास समिति की अध्यक्ष मधुमति प्रजापति ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से बच्चे कठिन विषयों को सहजता से समझ जाते हैं।
सामुदायिक समरसता की मिसाल पेश करते हुए सामूहिक ‘न्यौता भोज’ का आयोजन किया गया, जिसमें बच्चों और अभिभावकों ने एक साथ भोजन किया और कार्यक्रम का सुखद समापन हुआ।
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