रायपुर
छत्तीसगढ़ विधानसभा के शीतकालीन सत्र में सरकार और विधायकों की ओर से कई महत्वपूर्ण विधायी वित्तीय और जनहित से जुड़े विषय सदन में रखे जाएंगे सत्र के दौरान विश्वविद्यालयों के वार्षिक प्रतिवेदन औद्योगिक इकाइयों में श्रमिक सुरक्षा नगरीय स्कूल भवनों की जर्जर स्थिति जनसुविधाओं से जुड़ी याचिकाएं और बड़े विधेयकों पर चर्चा प्रस्तावित है
उच्च शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा द्वारा कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय रायपुर का वार्षिक प्रतिवेदन वर्ष 2024 25 सदन के पटल पर रखा जाएगा
नियम 138 के तहत ध्यानाकर्षण प्रस्तावों में प्रदेश की औद्योगिक इकाइयों में अव्यवस्था कुप्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था के अभाव का मुद्दा उठाया जाएगा वहीं सिहावा विधानसभा क्षेत्र के नगरी विकासखंड में 18 शासकीय स्कूल भवनों की जर्जर स्थिति को लेकर भी सदन का ध्यान आकृष्ट किया जाएगा
लोक लेखा समिति के अध्यक्ष द्वारा कुल 33 प्रतिवेदन प्रस्तुत किए जाएंगे साथ ही गैर सरकारी सदस्यों के विधेयक और संकल्पों से संबंधित समिति का प्रथम प्रतिवेदन भी सदन में रखा जाएगा
सत्र में विभिन्न विधायकों द्वारा जनहित से जुड़ी याचिकाएं प्रस्तुत की जाएंगी जिनमें स्कूल कॉलेज स्वास्थ्य केंद्र आयुर्वेद औषधालय पुल पुलिया सड़क और महाविद्यालय से जुड़े प्रस्ताव शामिल हैं
शासकीय विधि विषयक कार्यों के अंतर्गत छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना संशोधन विधेयक 2025 छत्तीसगढ़ निजी विश्वविद्यालय संशोधन विधेयक 2025 तथा छत्तीसगढ़ जन विश्वास संशोधन द्वितीय विधेयक 2025 को पुनःस्थापित किए जाने का प्रस्ताव रखा जाएगा
वित्तीय कार्यों में वित्तीय वर्ष 2025 26 के प्रथम अनुपूरक अनुमान की अनुदान मांगों पर मतदान होगा इसके अंतर्गत राज्य की संचित निधि से प्रस्तावित व्यय के लिए कुल पैंतीस हजार करोड़ रुपये की अनुपूरक राशि दिए जाने का प्रस्ताव है
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इसके अलावा छत्तीसगढ़ विनियोग विधेयक 2025 को भी पुनःस्थापित कर उस पर विचार और पारित किए जाने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी
कुल मिलाकर शीतकालीन सत्र में जनहित विधायी सुधार और राज्य के वित्तीय प्रबंधन से जुड़े अहम निर्णय लिए जाने की संभावना है

