रायपुर।
25 जून 1975 को देश में लागू किए गए आपातकाल के 51 वर्ष पूर्ण होने पर भारतीय जनता पार्टी इस दिन को ‘काला दिवस’ के रूप में मनाने की तैयारी में है। पार्टी द्वारा लोकतंत्र के इस ‘काले अध्याय’ की याद में प्रदेशभर में विभिन्न विरोध प्रदर्शन और स्मृति कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार की गई है।
भाजपा प्रदेश संयोजक सच्चिदानंद उपासने ने जानकारी दी कि आपातकाल की 51वीं वर्षगांठ पर पार्टी पूरे राज्य में कांग्रेस के कार्यकाल में लगे आपातकाल के विरोध में मुखर रहेगी। कार्यक्रमों का विवरण इस प्रकार है:
24 जून – ‘जेल से कोर्ट तक यात्रा’:
इस विशेष यात्रा के माध्यम से भाजपा नेता और कार्यकर्ता सड़कों पर उतरेंगे। इस दौरान वे कांग्रेस सरकार द्वारा लगाए गए आपातकाल की विभीषिका को दर्शाने वाले बैनर और पोस्टर लेकर प्रदर्शन करेंगे।
25 जून – सम्मेलन: प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में सम्मेलनों का आयोजन किया जाएगा, जिसमें आपातकाल के दौरान लोकतंत्र के दमन की घटनाओं पर चर्चा की जाएगी।
28 जून – लोकतंत्र सेनानियों का सम्मान:
राजधानी रायपुर के पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में एक भव्य कार्यक्रम आयोजित होगा। इसमें उन ‘लोकतंत्र सेनानियों’ को सम्मानित किया जाएगा जिन्होंने आपातकाल के दौर में संघर्ष किया था।
भाजपा इन कार्यक्रमों के माध्यम से न केवल आपातकाल के दौर को याद करेगी, बल्कि मौन और मशाल जुलूस निकालकर अपना विरोध दर्ज कराएगी। पार्टी का कहना है कि यह आयोजन नई पीढ़ी को आपातकाल के उन कठिन दिनों और लोकतंत्र के महत्व से अवगत कराने के उद्देश्य से किया जा रहा है।
इस विषय पर क्या आप चाहते हैं कि मैं इन कार्यक्रमों के लिए कोई प्रेस विज्ञप्ति (Press Release) या सोशल मीडिया पोस्ट भी तैयार करूँ?

