जशपुरनगर:
उत्तर प्रदेश के अयोध्या में स्थित भगवान श्रीराम मंदिर में चढ़ावे की राशि में गड़बड़ी और चोरी के आरोपों को लेकर जशपुर जिला कांग्रेस ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। जिला कांग्रेस भवन में आयोजित एक पत्रकार वार्ता के दौरान पार्टी के जिला उपाध्यक्ष सुमित शर्मा ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच सर्वोच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश से कराए जाने की पुरजोर मांग की है।
सुमित शर्मा ने कहा कि यह विषय केवल एक मंदिर के प्रबंधन का नहीं, बल्कि देश और विदेशों में बसे करोड़ों हिंदुओं की गहरी आस्था से जुड़ा हुआ है। उन्होंने आरोप लगाया कि चढ़ावा में गड़बड़ी का मामला सामने आने के बाद केंद्र और राज्य सरकार ने अब तक जो भी कार्रवाई की है, वह केवल खानापूर्ति और मामले में लिपापोती करने वाली है। उनका कहना है कि सरकार का उद्देश्य दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना नहीं, बल्कि सच्चाई को जनता से छिपाना है।
कांग्रेस ने मांग की है कि देश की जनता को यह जानने का पूरा अधिकार है कि शिला पूजन से लेकर वर्तमान तक मंदिर में कुल कितना चढ़ावा प्राप्त हुआ, उसमें से कितनी राशि खर्च की गई और शेष कितनी राशि बची है। इसके साथ ही पार्टी ने इस बात पर जोर दिया है कि गड़बड़ी के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान सार्वजनिक की जाए और उनके विरुद्ध की जा रही कार्रवाई का विवरण भी जनता के सामने रखा जाए।
भाजपा पर निशाना साधते हुए सुमित शर्मा ने कहा कि जो दल भगवान श्रीराम और राम मंदिर के नाम पर राजनीति करते हुए सत्ता के शिखर तक पहुंचा, आज उसी भाजपा का शीर्ष नेतृत्व इस गंभीर मुद्दे पर पूरी तरह मौन धारण किए हुए है। उन्होंने इसे अनुचित बताते हुए कहा कि भाजपा को देश को यह स्पष्ट करना चाहिए कि मंदिर में यह गड़बड़ी कैसे हुई और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए वे क्या ठोस प्रबंध कर रहे हैं। इस पत्रकार वार्ता में नगरपालिका के पूर्व अध्यक्ष हीरू राम निकुंज, सहस्त्रांशु पाठक, मनमोहन भगत, सतीश गुप्ता, अमित महतो, आफताब खान, गोलू खान और चांद खान सहित कांग्रेस के कई प्रमुख पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित थे।

