रायपुर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के अवसर पर कांग्रेस ने केंद्र सरकार के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाते हुए 17 सितंबर को प्रदेशभर में ‘महंगाई और बेरोजगारी दिवस’ के रूप में मनाने का ऐलान किया है। इस विरोध प्रदर्शन के तहत पार्टी छत्तीसगढ़ के सभी जिला मुख्यालयों में एक साथ विशेष प्रेस कॉन्फ्रेंस (पत्रकार वार्ता) आयोजित कर केंद्र की आर्थिक नीतियों पर सवाल उठाएगी।
12 वर्षों की ‘विफलताओं’ को जनता के बीच ले जाएगी कांग्रेस
पार्टी नेतृत्व के अनुसार, इन जिलास्तरीय पत्रकार वार्ताओं के माध्यम से केंद्र सरकार के पिछले 12 वर्षों के कार्यकाल की कथित जनविरोधी नीतियों और वादाखिलाफी को उजागर किया जाएगा। बढ़ती महंगाई, युवाओं में बेरोजगारी, आवश्यक वस्तुओं के बढ़ते दाम और देश की मौजूदा आर्थिक स्थिति को मुख्य मुद्दा बनाया गया है।कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि केंद्र सरकार रोजगार सृजन और महंगाई पर अंकुश लगाने के अपने वादों को पूरा करने में पूरी तरह विफल रही है।
वरिष्ठ नेताओं और विधायकों को सौंपी गई जिम्मेदारी
अभियान को प्रभावी बनाने के लिए प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने संगठनात्मक स्तर पर कड़े निर्देश जारी किए हैं:राज्य के सभी जिलों में प्रेस वार्ता के संचालन के लिए वरिष्ठ नेताओं, पूर्व मंत्रियों और स्थानीय विधायकों को प्रभार सौंपा गया है।ये सभी नेता अपने-अपने प्रभार वाले जिलों में मीडिया के सामने आंकड़े रखकर सरकार के 12 साल के दावों पर सवाल खड़े करेंगे और पार्टी का आधिकारिक पक्ष रखेंगे।























