जशपुर: जिले में अवैध गौवंश वध और तस्करी के खिलाफ जशपुर पुलिस की सख्त कार्रवाई लगातार जारी है। इसी क्रम में थाना कांसाबेल पुलिस ने ‘ऑपरेशन शंखनाद’ के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए ग्राम सागीभावना के गिरजाटोली क्षेत्र में गौवंश का वध कर रहे 5 आरोपियों को रंगे हाथों दबोच लिया है। पुलिस ने मौके से लगभग 50 किलोग्राम गौमांस, वध में प्रयुक्त लोहे का गड़ासा और अन्य अवशेष बरामद किए हैं।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस की रेड कार्रवाई पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 17 अक्टूबर 2026 को थाना कांसाबेल पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम सागीभावना निवासी जकरियस तिग्गा अपने साथियों के साथ फिलिममुड़ा पहाड़ के नीचे, चट्टान एनोस के खेत के पास गौवंश का वध कर मांस काट रहा है और उसका आपस में बंटवारा कर रहा है।
सूचना की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी कांसाबेल ने वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया और तत्काल पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की। पुलिस को देखते ही कुछ लोग अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए, जबकि मुख्य आरोपी जकरियस तिग्गा मौके पर पकड़ा गया।
बरामदगी एवं जप्ती:
- लगभग 50 किलोग्राम गौमांस (प्लास्टिक के थैले में रखा हुआ)
- 01 लोहे का गड़ासा
- गौवंश का सिर, चार पैर, चमड़ी, पूंछ और अन्य अवशेष
- मांस काटने में प्रयुक्त लकड़ी का गुटका
पूछताछ में अन्य साथियों के नाम आए सामने मौके पर पकड़े गए आरोपी जकरियस तिग्गा (पिता मंजर तिग्गा, उम्र 43 वर्ष) से कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने बताया कि वे लोग ग्राम खारपानी से सफेद रंग के गौवंश को लाकर यहां वध कर रहे थे। पूछताछ के आधार पर पुलिस ने अन्य संलिप्त आरोपियों की तलाश तेज की।
दिनांक 18 अक्टूबर 2026 को पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अन्य चार आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम:
- जकरियस तिग्गा (उम्र 43 वर्ष)
- मसीह दास उर्फ ईशु दास (उम्र 40 वर्ष)
- धीरज तिग्गा (उम्र 36 वर्ष)
- पीटर उर्फ शांति पीटर मिंज (उम्र 26 वर्ष)
- उदय कुमार मिंज (उम्र 52 वर्ष) (सभी आरोपी ग्राम सागीभावना, थाना कांसाबेल, जिला जशपुर के निवासी हैं)
पशु चिकित्सक से कराया परीक्षण कार्रवाई के दौरान मौके पर पशु चिकित्सक को बुलाकर जप्त किए गए मांस और अवशेषों का चिकित्सकीय परीक्षण कराया गया। इसके पश्चात नियमानुसार अवशेषों को सुरक्षित रूप से दफन कर पंचनामा तैयार किया गया।
दर्ज मामला: थाना कांसाबेल में सभी आरोपियों के विरुद्ध अपराध क्रमांक 179/2026, भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 325 एवं छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 की धारा 4, 5 और 10 के तहत मामला पंजीबद्ध किया गया है। पुलिस ने पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर सभी पांचों आरोपियों को दिनांक 18.10.2026 को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
वरिष्ठ अधिकारियों का बयान: मामले पर डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर, डॉ. लाल उमेद सिंह ने स्पष्ट किया है कि जिले में गौवंश से जुड़ी अवैध गतिविधियों को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसे कृत्यों में लिفت किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और पुलिस का यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।


