नई दिल्ली। अगर आप अगस्त 2026 में छुट्टियों, धार्मिक आयोजनों या किसी कार्यक्रम की योजना बना रहे हैं, तो कैलेंडर में 26 अगस्त (बुधवार) की तारीख मार्क कर सकते हैं। भारत में ईद मिलाद-उन-नबी इसी दिन मनाए जाने की संभावना है। हालांकि, इस्लामिक त्योहारों की अंतिम तिथि स्थानीय स्तर पर चांद दिखने और धार्मिक कमेटियों की आधिकारिक घोषणा पर ही निर्भर करेगी, जिससे इसकी तारीख में एक दिन का अंतर हो सकता है।
क्या है ईद मिलाद-उन-नबी और इसका महत्व?
ईद मिलाद-उन-नबी को ईद-ए-मिलाद, मिलाद-उन-नबी और मावलिद-अन-नबी भी कहा जाता है। यह पवित्र दिन इस्लाम के अंतिम पैगंबर हज़रत मुहम्मद साहब के जन्मदिवस की याद में मनाया जाता है। यह अवसर इस्लामिक कैलेंडर के तीसरे महीने रबी-उल-अव्वल (1448 हिजरी) में आता है। अधिकतर सुन्नी समुदाय के लोग इसे 12 रबी-उल-अव्वल को मनाते हैं, जबकि कई शिया समुदायों में इसे 17 रबी-उल-अव्वल को मनाने की परंपरा है। यह दिन शांति, दया, इंसाफ और भाईचारे का संदेश देता है।
किस तरह मनाया जाता है यह पावन पर्व?
इस अवसर पर देश भर के मुस्लिम समुदाय में कई तरह की धार्मिक और सामाजिक परंपराएं निभाई जाती हैं: मस्जिदों और घरों में कुरान शरीफ की तिलावत, नफ्ल नमाज, दरूद और नात पढ़े जाते हैं। पैगंबर साहब के जीवन और उनकी शिक्षाओं पर धार्मिक सभाएं (तकरीर) आयोजित होती हैं। कई जगहों पर ‘जश्ने ईद मिलाद-उन-नबी’ के तहत शांतिपूर्ण जुलूस निकाले जाते हैं। घरों, मस्जिदों और सार्वजनिक स्थलों को सुंदर रोशनी से सजाया जाता है। इस दिन गरीबों, बेसहारा और जरूरतमंदों को खाना, कपड़े और जरूरी सामान बांटने की विशेष परंपरा है। लोग अपने घरों में खाना बनाकर पड़ोसियों और रिश्तेदारों के साथ साझा करते हैं।
क्या 26 अगस्त को रहेगी सरकारी छुट्टी?
वर्ष 2026 के कई संभावित अवकाश कैलेंडरों में 26 अगस्त को मिलाद-उन-नबी का अवकाश बताया गया है। हालांकि, स्कूल, बैंक और सरकारी कार्यालयों की छुट्टी राज्यों के आधिकारिक कैलेंडर और चांद दिखने की सटीक तारीख के अनुसार बदली भी जा सकती है। इसलिए स्थानीय प्रशासन या संस्थान की सूची देखना जरूरी होगा।

