उत्तर भारत से लेकर पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत तक मानसून पूरी रफ्तार से सक्रिय है। मौसम विभाग ने आज अगले 9 से 10 घंटों के भीतर देश के 17 राज्यों में भारी बारिश और आंधी का अलर्ट जारी किया है। कश्मीर के ऊपर बने साइक्लोनिक सर्कुलेशन वाले वेस्टर्न डिस्टर्बेंस और दक्षिण तेलंगाना से मन्नार की खाड़ी तक बने ट्रफ के चलते मौसम तेजी से बिगड़ा है। इस दौरान 65 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है, जिसके चलते मछुआरों को समुद्र तटों से दूर रहने की सख्त हिदायत दी गई है।
उत्तर-पश्चिम भारत के पहाड़ी और मैदानी दोनों क्षेत्रों में स्थिति संवेदनशील बनी हुई है। उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 8 से 13 सितंबर के दौरान भारी बारिश का अनुमान है। पहाड़ों पर भूस्खलन के खतरे को देखते हुए लोगों को फिलहाल यात्रा न करने की सलाह दी गई है। इसके अलावा 9 से 13 सितंबर के बीच पूर्वी उत्तर प्रदेश और 12-13 सितंबर को पश्चिमी राजस्थान में भी बारिश का दौर जारी रहेगा।
मध्य और पूर्वी भारत में भी तेज हवाओं के साथ आकाशीय बिजली का खतरा मंडरा रहा है। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और बारिश की संभावना है, जहां लोगों को सतर्क रहने को कहा गया है। वहीं पूर्वी भारत के बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में वज्रपात की चेतावनी दी गई है, जिसमें ओडिशा में 12 सितंबर तक और बिहार-झारखंड में 10 से 13 सितंबर के बीच भारी बारिश देखने को मिलेगी। पूर्वोत्तर राज्यों अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी 13 सितंबर तक मूसलाधार बारिश का सिलसिला बना रहेगा।























