नई दिल्ली: देश की सबसे बड़ी वाहन निर्माता कंपनियों में शुमार टाटा मोटर्स ने अपने कमर्शियल व्हीकल पोर्टफोलियो की कीमतों में इजाफे का ऐलान किया है। कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज फाइलिंग में आधिकारिक तौर पर जानकारी दी है कि 1 अक्टूबर 2026 से उसके सभी कमर्शियल वाहनों की कीमतों में 1 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी लागू कर दी जाएगी। दामों में यह बदलाव अलग-अलग मॉडल्स और उनके चुनिंदा वेरिएंट्स के आधार पर तय होगा।
कंपनी के मुताबिक, कच्चे माल की बढ़ती कीमतों, लॉजिस्टिक्स खर्च और लगातार बढ़ रही इनपुट लागत के असर को कम करने के लिए यह फैसला लिया गया है। चालू वर्ष में टाटा मोटर्स की ओर से कमर्शियल वाहनों की कीमतों में यह दूसरी बढ़ोतरी है। इससे पहले कंपनी ने 1 अप्रैल 2026 से कमर्शियल गाड़ियों के दाम 1.5 प्रतिशत तक बढ़ाए थे।
कमर्शियल वाहनों के अलावा कंपनी अपने पैसेंजर व्हीकल सेगमेंट में भी इस साल दो बार संशोधन कर चुकी है। जुलाई में पैसेंजर कारों की कीमतों में 1.5 प्रतिशत और अप्रैल में पेट्रोल-डीजल मॉडल्स में 0.5 प्रतिशत की वृद्धि की गई थी।
सप्लाई-चेन और परिचालन लागत में इजाफे के चलते पूरे ऑटोमोबाइल उद्योग में कीमतें बढ़ाने का सिलसिला बना हुआ है। हाल के महीनों में मारुति सुजुकी ने अपने वाहनों में 30,000 रुपये और ह्यूंदै मोटर इंडिया ने 12,800 रुपये तक की बढ़ोतरी की थी। इसके साथ ही जेएसडब्ल्यू एमजी मोटर, होंडा कार्स सहित मर्सिडीज-बेंज, बीएमडब्ल्यू और ऑडी जैसे लग्जरी ब्रांड्स भी अपनी गाड़ियों के दाम बढ़ा चुके हैं। 180 अरब डॉलर के टाटा समूह का हिस्सा टाटा मोटर्स घरेलू बाजार के साथ-साथ दक्षिण कोरिया, अफ्रीका, मध्य पूर्व और दक्षिण-पूर्व एशिया सहित कई अंतरराष्ट्रीय बाजारों में बड़े स्तर पर कारोबार करती है।























