नई दिल्ली:
केंद्र सरकार के अधीन आने वाले सेंट्रल पब्लिक सेक्टर एंटरप्राइजेज (CPSEs) के अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर आई है। डिपार्टमेंट ऑफ पब्लिक एंटरप्राइजेज (DPE) ने कार्यकारी (Executive) और नॉन-यूनियन सुपरवाइजर (Non-Unionized Supervisors) कर्मचारियों के इंडस्ट्रियल महंगाई भत्ते (IDA) में बढ़ोतरी का औपचारिक ऐलान कर दिया है।
यह संशोधित भत्ता 1987, 1997, 2007 और 2017 के वेतनमान (Pay Scale) के अंतर्गत आने वाले सभी पात्र कर्मचारियों पर प्रभावी होगा।
1 जुलाई से लागू होंगी नई दरें
महंगाई के प्रभाव को कम करने और कर्मचारियों के वेतन में संतुलन बनाए रखने के उद्देश्य से उठाया गया यह कदम 1 जुलाई से लागू माना जाएगा। भत्ते की यह नई दरें ऑल इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (AICPI) के ताजा आंकड़ों के आधार पर तय की गई हैं। DPE ने सभी संबंधित मंत्रालयों और विभागों को अपने नियंत्रण वाले उपक्रमों में इसे तुरंत लागू कराने के निर्देश जारी कर दिए हैं।
ऊर्जा, विनिर्माण, बुनियादी ढांचा (Infrastructure) और वित्तीय सेवाओं जैसे क्षेत्रों में कार्यरत सरकारी कंपनियों के लाखों कर्मचारियों को इसका सीधा फायदा मिलेगा।
पे-स्केल के अनुसार संशोधित IDA दरें:
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2017 पे-स्केल: मूल वेतन का 55.7%
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2007 पे-स्केल: मूल वेतन का 241.7%
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1997 पे-स्केल: मूल वेतन का 476.9%
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1987 पे-स्केल: ₹18,298 (9,854 के औसतन AICPI स्तर पर आधारित)
टेक-होम सैलरी में होगी सीधी बढ़ोतरी
महंगाई भत्ते में इस संशोधन का सीधा असर कर्मचारियों की मंथली सैलरी पर पड़ेगा। उदाहरण के तौर पर, यदि 2017 पे-स्केल के तहत किसी अधिकारी का बेसिक पे (Basic Pay) ₹50,000 है, तो 55.7% की नई IDA दर के हिसाब से उनका महंगाई भत्ता ₹27,850 बनेगा। इसी तरह अन्य पे-स्केल श्रेणी वाले कर्मचारियों की टेक-होम सैलरी में भी बढ़ोतरी होगी।

