छत्तीसगढ़ और झारखंड समेत देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज तेजी से बदलने लगा है जिससे तपती गर्मी से जूझ रहे लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।
मौसम विभाग के अनुसार दक्षिण छत्तीसगढ़ के बाद अब मध्य इलाकों में भी अंधड़ और बारिश की स्थिति बन रही है। आसमान में बादलों की मौजूदगी के कारण अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई है और अगले पांच दिनों तक प्रदेश के सभी संभागों में एक-दो स्थानों पर तेज हवाओं के साथ गरज-चमक और हल्की वर्षा की संभावना जताई गई है। मौसम विज्ञानी एच. पी. चंद्रा के मुताबिक कश्मीर के पास सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और उत्तर प्रदेश के ऊपर बने चक्रवाती घेरे के कारण छत्तीसगढ़ के कई हिस्सों में अंधड़ और वज्रपात के आसार बने हुए हैं।
छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी के बीच अब मौसम का मिजाज तेजी से बदलने लगा है, जिससे प्रदेशवासियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण छत्तीसगढ़ में बदलाव शुरू होने के बाद अब राजधानी रायपुर समेत मध्य इलाकों में भी अंधड़ और बारिश की स्थिति बन रही है। आसमान में बादलों के छाने से अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले पांच दिनों तक प्रदेश के सभी संभागों में एक-दो स्थानों पर 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने, गरज-चमक के साथ वज्रपात होने और हल्की वर्षा की प्रबल संभावना है। गुरुवार को प्रदेश में सबसे ज्यादा गर्मी दुर्ग में (43.6 डिग्री) रही, जबकि राजधानी रायपुर में शुक्रवार को बादल छाए रहने और गरज-चमक के साथ बारिश होने के आसार हैं। मौसम विज्ञानी एच. पी. चंद्रा के मुताबिक, एक पश्चिमी विक्षोभ और विभिन्न मौसम प्रणालियों के सक्रिय होने के कारण राज्य में अंधड़, वज्रपात और हल्की वर्षा की गतिविधियां जारी रहेंगी, जिससे तापमान में गिरावट का दौर बना रहेगा।
झारखंड की बात करें तो वहां भी राजधानी रांची समेत कई जिलों में अचानक आए मौसम बदलाव ने गर्मी के तेवर नरम कर दिए हैं। खूंटी और बोकारो जैसे इलाकों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है जिससे तापमान में भारी गिरावट आई है। हालांकि तेज आंधी और ओलावृष्टि के कारण कई जगहों पर फसलों को नुकसान हुआ है और बिजली व्यवस्था भी प्रभावित हुई है। मौसम विभाग ने झारखंड के कई जिलों के लिए ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया है। विभाग का अनुमान है कि एक से पांच मई के दौरान राज्य के उत्तर-पश्चिमी हिस्सों को छोड़कर बाकी इलाकों में रुक-रुक कर बारिश और गरज-चमक की स्थिति बनी रहेगी।
राष्ट्रीय स्तर पर भी उत्तर भारत के राज्यों में मौसम के तेवर बदले हुए नजर आएंगे। दिल्ली में एक मई से छह मई तक बादलों की आवाजाही के साथ हल्की बारिश और बिजली गिरने की संभावना है जिससे अधिकतम तापमान 39 से 42 डिग्री के बीच बना रह सकता है। इसके अलावा पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और उत्तर प्रदेश में भी मई के पहले सप्ताह में धूल भरी आंधी और छिटपुट बारिश के आसार हैं। दक्षिण भारत के राज्यों जैसे तमिलनाडु, केरल और तेलंगाना में भी अगले तीन-चार दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाएं चलने का अनुमान जताया गया है। कुल मिलाकर मई की शुरुआत देश के बड़े हिस्से में बारिश और आंधी के साथ होने जा रही है जिससे लू के प्रकोप से फिलहाल राहत मिलती दिख रही है।

