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भारतीय पाठ्यक्रम वाले देश के सर्वश्रेष्ठ सरकारी आवासीय विद्यालयों की राष्ट्रीय रैंकिंग (Cfore School Ranking 2026) में पड़ोसी राज्यों झारखंड और बिहार के प्रतिष्ठित संस्थानों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय स्तर पर अपनी शैक्षणिक श्रेष्ठता का परचम लहराया है। झारखंड के लातेहार स्थित ऐतिहासिक नेतरहाट आवासीय विद्यालय और बिहार के जमुई स्थित सिमुलतला आवासीय विद्यालय ने संयुक्त रूप से देश में दूसरा स्थान प्राप्त किया है।
1300 अंकों के कुल मूल्यांकन में दोनों ही विद्यालयों ने 1039-1039 अंक हासिल किए। नेतरहाट विद्यालय शीर्ष स्थान पर रहे हरियाणा के मोतीलाल नेहरू स्कूल ऑफ स्पोर्ट्स (1043 अंक) से मात्र 4 अंकों के अंतर से पहले स्थान से चूका। वहीं देहरादून का ओक ग्रोव स्कूल 1006 अंकों के साथ तीसरे और केरल का पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय 972 अंकों के साथ चौथे स्थान पर रहा।
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प्रबंधन और नेतृत्व में नेतरहाट को मिले 92% अंक
मूल्यांकन के अलग-अलग मानकों पर नेतरहाट विद्यालय का संस्थागत संचालन बेहद मजबूत साबित हुआ:
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प्रबंधन और लीडरशिप: प्रबंधन, नेतृत्व और संस्थागत संचालन के मानक पर निर्धारित 125 में से 115 अंक (92 प्रतिशत) हासिल हुए, जो विद्यालय के सभी पैमानों में सर्वश्रेष्ठ है।
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शिक्षक दक्षता व संबंध: शिक्षकों की दक्षता और विद्यार्थियों के साथ जुड़ाव के पैमाने पर 150 में से 127 अंक मिले।
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पाठ्यक्रम और अध्ययन गुणवत्ता: शिक्षण पद्धति व प्रासंगिक पाठ्यक्रम में 150 में से 116 अंक तथा शैक्षणिक गहनता व अध्ययन की गुणवत्ता में 100 में से 86 अंक प्राप्त हुए।
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छात्रावास और समग्र विकास: छात्रावास सुविधा व छात्र देखभाल में 75 में से 63 अंक (84%) मिले। खेलकूद में 82 अंक, सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में 81 अंक और पूर्ववर्ती छात्र (एलुमनाई) नेटवर्क में 80 अंक दर्ज किए गए।
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शीर्ष 4 सरकारी आवासीय विद्यालयों का स्कोरकार्ड
नेतरहाट और सिमुलतला जैसे सुदूर ग्रामीण व वनांचल क्षेत्रों में स्थित सरकारी आवासीय विद्यालयों की यह राष्ट्रीय सफलता मध्य भारत के शैक्षणिक परिदृश्य के लिए प्रेरक है। सीमित सरकारी संसाधनों के बावजूद उच्च स्तरीय अनुशासन, समर्पित फैकल्टी और मजबूत संस्थागत नेतृत्व के दम पर इन संस्थानों ने देश के विशिष्ट आवासीय विद्यालयों को पछाड़कर यह मुकाम हासिल किया है।


