नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) ने यूपीआई (UPI) पर चार्ज को लेकर बड़ा फैसला लिया है। 2,000 रुपये से अधिक के यूपीआई लेनदेन पर 0.4 प्रतिशत मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लगाने के फैसले को फिलहाल टाल दिया गया है। पहले इसे 15 अक्टूबर से लागू किया जाना था, लेकिन अब यह त्योहारी सीजन को ध्यान में रखते हुए दिवाली के तुरंत बाद लागू किया जाएगा और इसकी नई तारीख की घोषणा अलग से की जाएगी।
छत्तीसगढ़ में साइबर ठगी का नया मामला: मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े और उनके OSD के WhatsApp अकाउंट हुए हैक, मांगे गए 32 हजार रुपये
शुरुआती योजना के तहत 2,000 रुपये से अधिक के पर्सन-टू-मर्चेंट (P2M) ट्रांजैक्शन पर मर्चेंट से MDR वसूला जाना था, जबकि आम जनता के बीच होने वाले पर्सन-टू-पर्सन (P2P) पेमेंट पूरी तरह से मुफ्त रहने वाले थे। इस फैसले के टलने से त्योहारी सीजन में दुकानदारों और ग्राहकों को बड़ी राहत मिली है, जिससे डिजिटल ट्रांजैक्शन बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के जारी रह सकेंगे।


