अब पोर्टलों पर अनिवार्य रूप से अपलोड होगी पेयजल टेस्टिंग रिपोर्ट; लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई
नई दिल्ली, 31 जुलाई 2026 | हर नए महीने की पहली तारीख अपने साथ कई प्रशासनिक और वित्तीय बदलाव लेकर आती है, जिनका सीधा असर देश के आम नागरिकों की जेब और घरेलू बजट पर पड़ता है। 1 अगस्त 2026 से भी देश में कई महत्वपूर्ण नियम बदलने जा रहे हैं। रसोई गैस के दामों से लेकर रेलवे तत्काल टिकट बुकिंग, क्रेडिट कार्ड चार्ज, इनकम टैक्स पेनल्टी और बैंकिंग केवाईसी तक, कई नियम बदल जाएंगे।
सही जानकारी के अभाव में आपको वित्तीय नुकसान या असुविधा का सामना करना पड़ सकता है। जानिए 1 अगस्त से लागू होने वाले 5 बड़े बदलावों के बारे में विस्तृत जानकारी:
स्कूल शिक्षा विभाग ने जारी की सत्र 2026-27 के लिए तिमाही और छमाही परीक्षाओं की समय-सारणी, जिला स्तर पर बनेगी परीक्षा समिति
एलपीजी (LPG) सिलेंडरों की नई कीमतें होगी जारी
तेल विपणन कंपनियां (OMCs) हर महीने की पहली तारीख को एलपीजी सिलेंडरों के दामों की समीक्षा करती हैं।
-
दामों में संशोधन: अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों के आधार पर 1 अगस्त को घरेलू (14.2 किग्रा) और कमर्शियल (19 किग्रा) गैस सिलेंडरों के नए रेट जारी किए जाएंगे।
-
बजट पर असर: यदि कमर्शियल गैस सिलेंडरों की कीमतों में बढ़ोतरी होती है, तो होटल, रेस्तरां और बाहर खाना-पीना महंगा हो सकता है, जिससे आम आदमी का मासिक खर्च बढ़ सकता है।
VSK ऐप की तकनीकी खामियाँ 15 अगस्त तक होंगी दूर, किसी भी शिक्षक का वेतन नहीं कटेगा: शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव
तत्काल रेलवे टिकट बुकिंग: लागू होगा नया टोकन सिस्टम
पश्चिम मध्य रेलवे 1 अगस्त से रिजर्वेशन काउंटरों पर तत्काल टिकटों की बुकिंग प्रक्रिया को सुचारू और पारदर्शी बनाने के लिए नया ‘टोकन सिस्टम’ लागू कर रहा है।
-
भीड़ पर नियंत्रण: काउंटरों पर लंबी कतारों और अफरा-तफरी को रोकने के लिए टोकन बांटने का समय निर्धारित कर दिया गया है।
-
समय सारणी: एसी तत्काल (AC Tatkal) टिकटों के लिए टोकन सुबह 8:30 बजे से 9:00 बजे के बीच मिलेंगे, जबकि नॉन-एसी (Non-AC Tatkal) के लिए टोकन सुबह 9:00 बजे से 9:30 बजे तक बांटे जाएंगे। टोकन मिलने के बाद ही काउंटर से तत्काल टिकट की बुकिंग संभव होगी।
बिलासपुर की नर्मदा ड्रिंक्स में ‘अकाउंट्स हेड’ के पद पर निकली बंपर वैकेंसी, जानें योग्यता और आवेदन का तरीका
क्रेडिट कार्ड और बैंकिंग चार्ज में संशोधन
1 अगस्त से देश के कई प्रमुख बैंक अपने क्रेडिट कार्ड नियमों, सर्विस चार्ज और रिवॉर्ड पॉइंट्स स्ट्रक्चर में बदलाव लागू कर सकते हैं।
-
ध्यान देने योग्य बात: यह बदलाव सभी बैंकों के लिए एक समान नहीं है, बल्कि अलग-अलग बैंकों की अपनी नीति पर निर्भर करेगा।
-
ग्राहकों के लिए सलाह: क्रेडिट कार्ड यूज़र्स को सलाह दी जाती है कि वे लेट पेमेंट फीस, रिवॉर्ड रिडेम्पशन या अन्य चार्ज में हुए बदलावों के लिए अपने संबंधित बैंक की ऑफिशियल वेबसाइट या मोबाइल ऐप पर नए नियमों की जांच जरूर कर लें।
देश में प्रभावशाली महिलाओं की संख्या 21% बढ़कर 117 हुई
आईटीआर (ITR) फाइलिंग: 1 अगस्त से लगेगा भारी जुर्माना
वित्तीय वर्ष के लिए बिना किसी जुर्माने के इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 जुलाई समाप्त हो चुकी है।
-
बिलेटेड रिटर्न और पेनल्टी: जो करदाता 31 जुलाई तक अपना रिटर्न फाइल नहीं कर सके हैं, उन्हें 1 अगस्त से ‘बिलेटेड रिटर्न’ दाखिल करना होगा।
-
लेट फीस: वार्षिक आय के स्लैब के आधार पर करदाताओं को ₹1,000 से लेकर ₹5,000 तक का जुर्माना (Late Fine) चुकाना पड़ेगा। करदाताओं को सलाह दी जाती है कि वे आगे की कानूनी कार्रवाई और अतिरिक्त ब्याज से बचने के लिए जल्द से जल्द रिटर्न जमा करें।
ओडिशा में महानदी के उफान से 20 ज़िले हाई अलर्ट पर
‘सीकेवाईसी (CKYC) 2.0’ की शुरुआत: बार-बार KYC का झंझट खत्म
1 अगस्त से देश के बैंकिंग और वित्तीय क्षेत्र में ग्राहक सत्यापन (Customer Verification) को अधिक सुरक्षित और डिजिटल बनाने के लिए ‘सेंट्रल नो योर कस्टमर’ यानी CKYC 2.0 लागू होने जा रहा है।
-
14 अंकों का यूनिक नंबर: इस नई व्यवस्था के तहत ग्राहकों को 14 अंकों का एक यूनिक सीकेवाईसी (CKYC) नंबर जारी किया जाएगा।
-
वित्तीय लेन-देन में आसानी: इसका सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि अब ग्राहकों को अलग-अलग बैंकों, इंश्योरेंस कंपनियों या म्यूचुअल फंड हाउस में बार-बार फिजिकल केवाईसी दस्तावेज जमा करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। एक ही सीकेवाईसी नंबर से पूरे वित्तीय क्षेत्र में सत्यापन संभव होगा।
छत्तीसगढ़ में बस्तर से सरगुजा तक रेल नेटवर्क के विस्तार को मिली नई रफ्तार
समय रहते करें अपनी तैयारी
1 अगस्त से लागू हो रहे ये बदलाव सीधे आपकी वित्तीय योजना और दैनिक कामकाज से जुड़े हैं। असुविधा और अतिरिक्त वित्तीय बोझ से बचने के लिए अपने बैंक अपडेट्स देखें, समय पर टैक्स पे करें और नई रेल बुकिंग गाइडलाइंस का ध्यान रखें।

