रायपुर:
छत्तीसगढ़ सरकार ने अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवाओं को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और सुगम बनाने की दिशा में बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया है। राज्य के गृह एवं सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार, निर्माण पूर्ण होने के बाद जारी होने वाली फायर एनओसी के नवीनीकरण (Post Construction Fire NOC Renewal) के लिए अधिकतम 30 कार्य दिवस की समय-सीमा तय कर दी गई है। यह व्यवस्था ‘छत्तीसगढ़ लोक सेवा गारंटी अधिनियम, 2011’ के अंतर्गत अनिवार्य सेवा के रूप में अधिसूचित की गई है।
नवा रायपुर स्थित मंत्रालय (महानदी भवन) से जारी अधिसूचना क्रमांक GENS-11/2343/2026-HOME SECTION के तहत लोक सेवा गारंटी अधिनियम की धारा 3, 4, 5 और 7 के अधिकारों का प्रयोग करते हुए सेवा प्रदाता अधिकारियों की जवाबदेही तय की गई है। नई व्यवस्था के तहत सेवा प्रदान करने के लिए पदाभिहित अधिकारी और सक्षम प्राधिकारी के रूप में अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवाएं मुख्यालय के ‘निदेशक अथवा उनके द्वारा प्राधिकृत अधिकारी’ को नामित किया गया है। वहीं, समय पर सेवा न मिलने या असंतोषजनक स्थिति में अपील के लिए ‘महानिदेशक (DG) अथवा उनके द्वारा प्राधिकृत अधिकारी’ को अपीलीय प्राधिकारी नियुक्त किया गया है।
नियमों के मुताबिक, निर्धारित 30 दिनों की अवधि ‘कार्य दिवसों’ (Working Days) के आधार पर गिनी जाएगी, इसे 30 कैलेंडर दिन नहीं माना जाएगा। यानी शासकीय अवकाश और सप्ताहांत इस गणना में शामिल नहीं होंगे। इस व्यवस्था के लागू होने से कमर्शियल बिल्डिंग, अस्पताल, मॉल, आवासीय परिसरों और उद्योगों के संचालकों को दफ्तरों के बेवजह चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे और तय समय के भीतर नवीनीकरण प्रक्रिया पूरी कराना अधिकारियों की कानूनी बाध्यता होगी।
प्रशासनिक जानकारों का मानना है कि इस कदम से राज्य में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा मिलेगा और आवेदकों को यह स्पष्ट पता रहेगा कि उनका काम किस स्तर पर लंबित है तथा समय-सीमा का उल्लंघन होने पर किस प्राधिकारी के समक्ष अपील की जा सकती है।


