जशपुर के स्कूलों में 3632 शिक्षक बिना टीईटी पास, योग्यता परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले सिर्फ 933 गुरुजी
जशपुर – शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षकों को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय शिक्षा अंजोर भारत द्वारा “स्व. श्री हरिवंश मिश्र राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान समारोह–2026” का आयोजन 15 जुलाई 2026 (बुधवार) सायं 5:00 बजे विमतारा, मधु पिल्ले चौक, शांति नगर, रायपुर (छत्तीसगढ़) में किया जाएगा।
जशपुर जिले में 13 स्कूलों के पास खुद की छत तक नहीं, 109 जर्जर इमारतों में पढ़ने को मजबूर हैं बच्चे
इस गरिमामय समारोह के मुख्य अतिथि डॉ. हिमांशु द्विवेदी जी, प्रधान संपादक, हरिभूमि समूह होंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता शिक्षाविद् एवं समाजसेवी श्री संजय अग्रवाल जी, संस्थापक एन.आर. स्टील, रायगढ़ करेंगे। विशिष्ट अतिथि के रूप में डॉ. चितरंजन कर जी, पूर्व विभागाध्यक्ष (भाषा विज्ञान), पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय रायपुर, राजभाषा हिंदी सलाहकार, रेल मंत्रालय, भारत सरकार तथा डॉ. पूर्णानंद मिश्रा जी, राष्ट्रीय अध्यक्ष, राष्ट्रीय शिक्षा अंजोर भारत उपस्थित रहेंगे।।इस वर्ष राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान के लिए देशभर से लगभग 700 आवेदन प्राप्त हुए थे।
जशपुर जिले में सिर्फ एक शिक्षक के भरोसे चल रहे 78 स्कूल
सभी आवेदनों का गहन अध्ययन, मूल्यांकन एवं सत्यापन राज्यपाल पुरस्कार प्राप्त शिक्षकों के उच्चस्तरीय पैनल द्वारा निर्धारित मानकों के आधार पर किया गया। चयन प्रक्रिया पूर्णतः निष्पक्ष, पारदर्शी एवं गुणवत्ता आधारित रही। इस कठोर प्रक्रिया के बाद देश के विभिन्न राज्यों से 250 उत्कृष्ट शिक्षकों का अंतिम चयन सम्मान के लिए किया गया है।
*उक्त पुरस्कार हेतु जशपुर जिले से श्रीमती संतोषी डनसेना प्रधानपाठक शा. प्रा. शा. छिंदबहरी विकासखण्ड पत्थलगांव, श्री गणेश राम चौहान प्रधानपाठक शा. प्रा. शाला खुंटीटोली विकासखण्ड कांसाबेल, श्रीमती नमिता खेस्स सहायक शिक्षक प्रा. शाला रायकोना विकासखण्ड जशपुर, श्रीमती रीना रानी गोश्वामी सहायक शिक्षक प्रा. शा. नदीडिपा जशपुर , श्रीमती अनुपमा कुजूर सहायक शिक्षक प्रा. शा. नदीडिपा जशपुर, श्री अनिल कुमार कश्यप सहायक शिक्षक प्रा. शा. पैकू विकासखण्ड जशपुर, सुश्री सुनैना तिर्की सहायक शिक्षक प्रा. शा. बडेगम्हरिया का चयन हुआ है।*
प्रदेश में BEO के सभी 146 पद फुल, एक भी पद खाली नहीं, स्कूल शिक्षा विभाग रिपोर्ट
संस्था के अनुसार यह सम्मान केवल एक पुरस्कार नहीं, बल्कि शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता, नवाचार, सामाजिक उत्तरदायित्व और राष्ट्र निर्माण के प्रति समर्पण का राष्ट्रीय अभिनंदन है। चयनित शिक्षकों ने अपने विद्यालयों और समुदायों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, नवाचारी शिक्षण पद्धतियों, बाल-केंद्रित गतिविधियों, नैतिक मूल्यों के संवर्धन, डिजिटल शिक्षा, पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक जागरूकता तथा विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया है। ऐसे शिक्षकों का सम्मान नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा तथा पूरे देश में शिक्षा की गुणवत्ता को नई दिशा प्रदान करेगा।।
शासकीय सेवकों के लिए बड़ी खबर: वेतनमान विकल्प चुनने की अंतिम तिथि बढ़ी
यह समारोह स्वर्गीय श्री हरिवंश मिश्र जी, भूतपूर्व प्रधानपाठक की पुण्य स्मृति को समर्पित है। उनका सम्पूर्ण जीवन शिक्षा, अनुशासन, संस्कार और समाज सेवा के लिए समर्पित रहा। उनकी स्मृति में प्रारंभ किया गया यह राष्ट्रीय सम्मान उन शिक्षकों को समर्पित है जो अपने कर्तव्य, समर्पण और उत्कृष्ट कार्यों से समाज में सकारात्मक परिवर्तन ला रहे हैं।
संस्था के कार्यकारी प्रांताध्यक्ष श्री जितेन्द्र मिश्रा ने बताया कि यह आयोजन देशभर के शिक्षकों को एक साझा मंच प्रदान करेगा, जहाँ शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे नवाचारों, उत्कृष्ट कार्यों एवं प्रेरणादायी अनुभवों का आदान-प्रदान होगा। उन्होंने सभी शिक्षकों, शिक्षाविदों, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों एवं नागरिकों से समारोह में सहभागिता कर शिक्षा के इस राष्ट्रीय अभियान को सफल बनाने की अपील की।
उन्होंने कहा कि “जब एक शिक्षक सम्मानित होता है, तब केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि पूरी शिक्षा व्यवस्था, उसके विद्यार्थी और समाज का भविष्य सम्मानित होता है।” यही भावना इस राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान समारोह की सबसे बड़ी विशेषता है।
कार्यक्रम को सफल बनाने में डिजेंद्र कुर्रे,प्रेमचन्द साव,डॉ.प्रज्ञा सिंह,रिंकल बग्गा,तरूण कुमार दास,मोहन लहरी,पीतांबर मानिकपुरी,अजय कुमार जायसवाल,जितेन्द्र मिश्रा,रूद्र नारायण तिवारी,वीरेंद्र कुमार कर,रीता पति,शैलेन्द्र नायक,मनोज मुच्छावड,योगेश सिंह ठाकुर,गायत्री मिश्रा,एम.एन.वर्मा,आनंद शर्मा सहित राष्ट्रीय स्तर के पदाधिकारी जुटे हुए हैं।
Itel A100 Pro Launch in India: iPhone 17 Pro जैसा डिजाइन, जानें कीमत, फीचर्स और फुल स्पेसिफिकेशन

